Patna News: बिहार के सरकारी स्कूलों में आज से गर्मी की छुट्टियां शुरू हो गई हैं। इसी के साथ राज्य के 80 हजार गांव-टोलों में सोमवार से सरकारी विद्यालयों के पांचवीं और छठी कक्षा के बच्चों के लिए विशेष समर कैंप लगाए जा रहे हैं। इसका उद्देश्य बच्चों को भाषा और गणित में पूरी तरह दक्ष बनाना है।
इस बड़े अभियान के तहत हर कैंप में एक स्वयंसेवक तैनात किया गया है। राज्यभर के 80 हजार स्वयंसेवक इस समर कैंप के जरिए बच्चों को पढ़ाएंगे। एक स्वयंसेवक पर 10 से 15 बच्चों की जिम्मेदारी होगी। ये स्वयंसेवक ‘असर टूल्स’ के माध्यम से बच्चों को हर दिन डेढ़ घंटे की विशेष शिक्षा देंगे।
इन स्वयंसेवकों में मुख्य रूप से शिक्षा सेवक और तालीमी मरकज के शिक्षा सेवक शामिल हैं। इसके अलावा प्रत्येक मध्य विद्यालय से भी दो से तीन स्वयंसेवकों को चिह्नित किया गया है, जो इस समर कैंप में अपनी फ्री सेवा देंगे। इन सभी चयनित स्वयंसेवकों को विभाग द्वारा पहले ही विशेष प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
30 जून तक खेल और कहानियों से सीखेंगे बच्चे
चिह्नित बच्चों की कुल संख्या और उनके निवास स्थान को ध्यान में रखकर ही कैंप स्थलों का चयन किया गया है। आगामी 30 जून तक चलने वाले इस समर कैंप के दौरान खेल, मजेदार कहानियों, पठन-पाठन और विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की बुनियादी दक्षताओं को विकसित किया जाएगा।
इसी क्रम में राजधानी पटना के जिला शिक्षा कार्यालय ने भी समर कैंप आयोजित करने के लिए 50 स्कूलों का चयन किया है। पटना के इन कैंपों में कक्षा एक से लेकर छह तक के विद्यार्थी शामिल हो सकेंगे। पटना जिले में यह विशेष समर कैंप 21 जून तक संचालित करने का निर्णय लिया गया है।
इस दौरान चयनित स्कूलों में प्रतिदिन सुबह सात बजे से नौ बजे तक विभिन्न ज्ञानवर्धक गतिविधियां आयोजित होंगी। जिला शिक्षा कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा) कृतिका वर्मा ने बताया कि यह समर कैंप पटना के फुलवारीशरीफ, नौबतपुर और बिक्रम प्रखंड के चयनित 50 विद्यालयों में आयोजित किया जा रहा है।
इन विशेष स्कूलों में ‘फाउंडेशन लिटरेसी सशक्तीकरण एवं पुस्तकालय कार्यक्रम’ का संचालन किया जा रहा है। समर कैंप के दौरान बच्चों के लिए रोजाना दो घंटे की विशेष कक्षाएं लगेंगी। इसमें कक्षा एक और दो के बच्चों के लिए अलग और कक्षा चार से छह के बच्चों के लिए अलग कक्षाएं आयोजित होंगी।
भाषा और गणित के लिए जारी हुई विशेष पुस्तकें
विद्यार्थियों को भाषा और गणित विषय में कुशल बनाने के लिए शिक्षा विभाग की ओर से विशेष पुस्तकें भी जारी की गई हैं। इन किताबों में बच्चों के मानसिक स्तर के अनुसार सामग्री तैयार की गई है, ताकि वे बिना किसी मानसिक दबाव के खेल-खेल में कठिन विषयों को आसानी से समझ सकें।
समर कैंप के लिए प्रतिदिन का एक विशेष शेड्यूल भी तय किया गया है। इसके तहत बच्चों को रोज 10 मिनट खेल खिलाया जाएगा। इसके बाद 20 मिनट तक कहानी और अनुच्छेद पर चर्चा होगी। वहीं 10 मिनट ध्वनि चिह्न, 15 मिनट शब्द कोष और आखिरी के 10 मिनट ‘आज का सवाल’ गतिविधि के लिए निर्धारित हैं।
Author: Suresh Gowda

