Prayagraj News: प्रयागराज के झूंसी क्षेत्र में बिजली पोल पर चढ़े एक युवक की करंट से हुई मौत के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। इस हादसे के बाद विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए गुरुवार को अवर अभियंता (JE) अभय कुमार को निलंबित कर दिया। निलंबन की खबर मिलते ही जेई अपना आपा खो बैठे और विरोध दर्ज कराने के लिए जार्जटाउन स्थित मुख्य अभियंता कार्यालय के पास लगे ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गए। इस घटना से विभाग और पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया।
जेई ने दी खुदकुशी की चेतावनी, टावर पर चला हाई वोल्टेज ड्रामा
टावर पर चढ़े जेई अभय कुमार ने विभाग पर जबरन कार्रवाई करने का आरोप लगाया और खुदकुशी करने की धमकी दी। शाम करीब 5:30 बजे शुरू हुआ यह ड्रामा काफी देर तक चलता रहा। जेई का कहना है कि जिस युवक की मौत हुई, वह बिजली विभाग का कर्मचारी नहीं था। लाइनमैन रमेश कुमार उसे बिना किसी जानकारी के अवैध रूप से काम के लिए ले गया था। जेई ने दावा किया कि मृतक की पत्नी ने भी उन पर कोई आरोप नहीं लगाया है, फिर भी उन्हें बलि का बकरा बनाया गया।
अवर अभियंताओं का जोरदार प्रदर्शन और कार्य बहिष्कार की धमकी
जेई के टावर पर चढ़ने की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में अवर अभियंता मौके पर पहुंच गए। उन्होंने पावर कारपोरेशन के चेयरमैन और मुख्य अभियंता के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी अभियंताओं ने चेतावनी दी है कि यदि अभय कुमार का निलंबन तुरंत वापस नहीं लिया गया, तो पूरे जिले में बिजली कर्मचारी कार्य बहिष्कार करेंगे। अधिकारियों ने जेई को नीचे उतारने की काफी कोशिश की, लेकिन वह अपनी मांग पर अड़े रहे।
क्या है झूंसी का पूरा मामला और क्यों हुई कार्रवाई?
विवाद की जड़ मंगलवार रात की वह घटना है, जब झूंसी के कमलदीपुर गांव में लाइन ठीक करने के दौरान रामू कुशवाहा नामक युवक की करंट से मौत हो गई थी। मृतक की पत्नी की तहरीर पर लाइनमैन रमेश कुमार के खिलाफ पहले ही मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया जा चुका है। मुख्य अभियंता अशोक कुमार ने लापरवाही मानते हुए जेई को निलंबित किया है और एसडीओ ग्रामीण रोहित सरोज के खिलाफ भी निलंबन की संस्तुति भेज दी है। विभाग की इस कड़ी कार्रवाई से कर्मचारियों में गहरा आक्रोश व्याप्त है।


