Delhi News: पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव और सात उपचुनावों के नतीजों के लिए आज मतगणना शुरू हो गई है। दिल्ली स्थित बीजेपी के केंद्रीय कार्यालय में सुबह से ही भारी गहमागहमी देखी जा रही है। पार्टी कार्यकर्ता और वरिष्ठ नेता जीत को लेकर पूरी तरह आश्वस्त नजर आ रहे हैं। नतीजों के रुझान आने से पहले ही वहां जश्न की तैयारियां जोरों पर हैं। कार्यालय परिसर में पूरियां और मिठाइयां तैयार की जा रही हैं ताकि जीत का स्वाद चखा जा सके।
ईवीएम से पहले पोस्टल बैलेट का फैसला
चुनाव आयोग के नियमों के मुताबिक मतगणना की शुरुआत सबसे पहले पोस्टल बैलेट की गिनती से हुई है। इसके तुरंत बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के वोटों की गिनती शुरू की जाएगी। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जा रही है। दोपहर तक काफी हद तक स्पष्ट हो जाएगा कि किस राज्य में किसकी सरकार बनने जा रही है। मतगणना केंद्रों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
बंगाल से लेकर दक्षिण तक कांटे की टक्कर
इस बार के चुनावी नतीजों में पश्चिम बंगाल की स्थिति सबसे अधिक चर्चा में है। वहां तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भाजपा के बीच बेहद कड़ी और सीधी टक्कर मानी जा रही है। असम में भाजपा अपनी सत्ता बरकरार रखने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है। दूसरी ओर, दक्षिण भारत के राज्यों जैसे तमिलनाडु और केरल में क्षेत्रीय दलों का दबदबा कायम रहने की उम्मीद है। पुडुचेरी में भी राष्ट्रीय गठबंधन और स्थानीय ताकतों के बीच मुकाबला दिलचस्प मोड़ पर है।
सुरक्षा के लिए धारा 144 और कड़ा पहरा
मतगणना के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। कई संवेदनशील इलाकों और मतगणना केंद्रों के बाहर धारा 144 लागू कर दी गई है। बड़ी संख्या में पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है ताकि भीड़ को नियंत्रित रखा जा सके। चुनाव आयोग ने सभी मतगणना एजेंटों के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं। केंद्रों के भीतर केवल अधिकृत व्यक्तियों को ही प्रवेश की अनुमति दी जा रही है।
जश्न की तैयारी और संभावित रणनीतियां
बीजेपी मुख्यालय में सुरक्षा व्यवस्था को काफी मजबूत किया गया है क्योंकि रुझान पक्ष में आते ही भारी भीड़ जुटने की संभावना है। पार्टी के बड़े नेताओं के पहुंचने का सिलसिला भी शुरू हो चुका है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इन नतीजों का असर आने वाली राष्ट्रीय राजनीति पर भी पड़ेगा। अगर नतीजे उम्मीद के मुताबिक रहे, तो शाम तक भव्य विजय जुलूस निकालने की योजना है। फिलहाल सबकी नजरें चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर टिकी हुई हैं।


