Madhya Pradesh: भोपाल के हाई-प्रोफाइल ट्विशा शर्मा सुसाइड केस में रोजाना नए और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। मृतका की सास और रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह ने अपनी बहू पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि ट्विशा गंभीर रूप से ड्रग्स लेने की आदी थी।
रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह ने अग्रिम जमानत याचिका में कई दावे किए हैं। उन्होंने कहा कि प्रेग्नेंसी के दौरान भी ट्विशा लगातार नशा करती थी। यह बात उसने खुद परिवार के सामने कबूल की थी। बहू के बारे में बताते हुए पूर्व जज मीडिया के सामने रो पड़ीं।
सास का दावा और मेडिकल प्रोग्रेस की हकीकत
पूर्व जज गिरिबाला ने दावा किया कि ट्विशा ने खुद मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ प्रेग्नेंसी करवाई थी। एमटीपी की प्रक्रिया शुरू करने के बाद उसे अपने फैसले पर बहुत पछतावा हुआ था। उसने पहली दवा खाने के बाद पूरी प्रक्रिया को रोकने की इच्छा जताई थी।
सास के अनुसार ट्विशा पिछले काफी समय से अपनी मानसिक समस्याओं का इलाज भी करवा रही थी। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले पांच महीनों से मायके पक्ष का कोई भी सदस्य ट्विशा से मिलने नहीं आया था। उन्होंने लड़की के पिता का स्वभाव भी काफी अजीब बताया।
उत्तर प्रदेश के नोएडा की रहने वाली ट्विशा की शादी दिसंबर 2025 में समर्थ सिंह से हुई थी। दोनों की मुलाकात साल 2024 में एक डेटिंग ऐप के जरिए हुई थी। शादी के कुछ महीनों बाद ही 12 मई को भोपाल के कटारा हिल्स में ट्विशा का शव मिला।
पुलिस एसआईटी जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के खुलासे
ट्विशा के माता-पिता ने ससुराल पक्ष पर दहेज हत्या का गंभीर आरोप लगाया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने एक विशेष जांच दल का गठन किया है। एसआईटी के प्रमुख रजनीश कश्यप लगातार फरार समर्थ सिंह की तलाश कर रहे हैं।
एम्स भोपाल से मिली शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में फांसी लगाने के कारण दम घुटने की पुष्टि हुई है। हालांकि पुलिस जांच में एक बड़ी लापरवाही भी सामने आई है। जांच अधिकारी ने फांसी में इस्तेमाल की गई रस्सी को फॉरेंसिक जांच के लिए एम्स नहीं भेजा था।
इस बड़ी लापरवाही को लेकर जांच अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सहायक पुलिस आयुक्त रजनीश कश्यप ने बताया कि जमानत याचिका में लगे ड्रग्स के आरोपों की भी गहन जांच जारी है। पुलिस एफआईआर की धाराओं के तहत मामले की सख्ती से पड़ताल कर रही है।
Author: Vijay Chouhan


