Wayanad News: केरल के वायनाड जिले में मेप्पाडी के पास कल्लाडी इलाके में मंगलवार को अचानक बड़े पैमाने पर भूस्खलन हो गया। इस दर्दनाक हादसे में करीब 15 लोग मलबे के नीचे दब गए हैं। यह भीषण भूस्खलन कल्लाडी के मीनाक्षी पुल के पास हुआ, जहां मलप्पुरम और वायनाड जिलों को जोड़ने वाली सुरंग सड़क परियोजना का निर्माण कार्य चल रहा था।
हादसे में एक व्यक्ति की मौत और सात लोग अभी भी लापता
इस प्राकृतिक आपदा पर केरल के मुख्यमंत्री ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए बताया कि मलबे से अब तक एक व्यक्ति का शव बरामद किया गया है। शुरुआती आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, हादसे में घायल सात लोगों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि सात अन्य लोग अभी भी लापता हैं जिनकी तलाश जारी है।
ठेकेदार ने मिट्टी हटाने के जिला कलेक्टर के आदेश का नहीं किया पालन
मुख्यमंत्री ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और जिला कलेक्टर ने बीती 20 जून को ही इस टनल कंस्ट्रक्शन साइट से खतरनाक मिट्टी हटाने का सख्त आदेश दिया था। टनल बनाने वाले कॉन्ट्रैक्टर ने जिला प्रशासन के इस महत्वपूर्ण सुरक्षा आदेश का पालन नहीं किया, जिसके कारण यह बड़ा हादसा होने की आशंका जताई जा रही है।
एनडीआरएफ और पुलिस की टीमें मौके पर चला रही हैं रेस्क्यू ऑपरेशन
हादसे की जानकारी मिलते ही कल्पेट्टा से दमकल सेवा के कर्मी, स्थानीय पुलिस और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीमें तुरंत घटना स्थल पर पहुंच गईं। स्थानीय निवासियों की मदद से मलबे में दबे तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। यह वही संवेदनशील इलाका है जहां टनल प्रोजेक्ट से जुड़े निर्माण श्रमिक अस्थाई तौर पर रह रहे थे।
वाहनों और मकानों को भारी नुकसान और मंत्रियों को भेजा गया मौका-ए-वारदात पर
इस भयानक भूस्खलन की चपेट में आने से टनल प्रोजेक्ट के कर्मचारियों को लाने-ले जाने वाले कई वाहन मलबे में दबकर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इसके अलावा इलाके के कुछ मकानों और होमस्टे को भी भारी नुकसान पहुंचा है। सरकार ने रेस्क्यू ऑपरेशन में तेजी लाने के लिए दो कैबिनेट मंत्रियों को तुरंत मौके पर रवाना कर दिया है।

