Mumbai News: सोमवार को भारतीय इक्विटी बाजार में जोरदार गिरावट देखने को मिली। सभी सेक्टरों में बिकवाली के चलते निफ्टी 22,500 के करीब बंद हुआ। बाजार बंद होने पर सेंसेक्स 1,836.57 अंक या 2.46 फीसदी की गिरावट के साथ 72,696.39 पर और निफ्टी 601.85 अंक या 2.60 फीसदी की गिरावट के साथ 22,512.65 पर बंद रहा। इस गिरावट से निवेशकों की संपत्ति में 14 लाख करोड़ रुपये से अधिक की कमी आई है। बाजार में कमजोरी का मुख्य कारण वैश्विक स्तर पर जारी अनिश्चितता और घरेलू संकेतकों में नरमी मानी जा रही है।
सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान पर
सोमवार कोसभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए। रियल्टी, कैपिटल गुड्स, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, मेटल, टेलीकॉम और पीएसयू बैंक में 4 से 5 फीसदी तक की गिरावट आई। ऑटो, एनर्जी, मीडिया, प्राइवेट बैंक और ऑयल एंड गैस सेक्टर में 3 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। निफ्टी मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में लगभग 4 फीसदी की गिरावट आई, जिससे छोटे और मझोले शेयरों में भी भारी बिकवाली देखने को मिली। बाजार की चौड़ाई भी काफी कमजोर रही।
सबसे ज्यादा गिरने और चढ़ने वाले शेयर
निफ्टीमें सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयरों में श्रीराम फाइनेंस, ट्रेंट, अल्ट्राटेक सीमेंट, टाइटन कंपनी और जियो फाइनेंशियल शामिल रहे। इन शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली। वहीं सबसे ज्यादा चढ़ने वाले शेयरों में एचसीएल टेक्नोलॉजीज, ओएनजीसी, पावर ग्रिड कॉर्प और इंफोसिस रहे। हालांकि इन शेयरों में आई तेजी बाजार की भारी गिरावट के सामने काफी कम रही। निफ्टी के 50 शेयरों में से अधिकांश लाल निशान पर बंद हुए। विश्लेषकों का मानना है कि अगले कुछ सत्रों में बाजार की चाल वैश्विक संकेतों और घरेलू मैक्रोइकॉनॉमिक डेटा पर निर्भर करेगी। फिलहाल निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।


