Haryana News: पानीपत के समालखा स्थित मनाना गांव में सर्व समाज की ओर से एक भव्य ‘भाईचारा स्नेह सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पहुंचे प्रदेश के पूर्व वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुई हिंसक घटनाओं को लेकर एक बेहद सनसनीखेज बयान दिया है।
कैप्टन अभिमन्यु ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि आंदोलन के दौरान जो भी भयानक मंजर हुआ था, उसकी पूरी सच्चाई अब जनता के सामने आ चुकी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि हरियाणा का गौरवशाली इतिहास कभी भी आपसी जातीय हिंसा का नहीं रहा है, बल्कि कुछ राजनेताओं ने अपने फायदे के लिए इसे भड़काया था।
बेटे को राजनीति में चमकाने के लिए पूरे समाज को जलवाया
पूर्व वित्तमंत्री ने विपक्ष के एक बड़े नेता पर सीधा और तीखा हमला बोला। उन्होंने बिना नाम लिए आरोप लगाया कि एक खास व्यक्ति ने अपने बेटे को राजनीति में स्थापित करने और अपना राजनीतिक वर्चस्व बनाए रखने के लिए हरियाणा के सीधे-साधे युवाओं को जेल भिजवा दिया और पूरे समाज को हिंसा की आग में झोंक दिया।
उन्होंने आक्रोशित लहजे में कहा कि निर्दोष लोगों को निशाना बनाने और समाज को आपस में बांटने की गहरी साजिश रचने वाले ऐसे लोगों को जनता कभी माफ नहीं कर सकती। कैप्टन ने एलान किया कि वे अब प्रदेश में भाईचारा दोबारा कायम करने की एक बड़ी मुहिम पर निकल चुके हैं और हर गांव-गांव तक जाएंगे।
ओमप्रकाश चौटाला की जेल यात्रा पर उठाए गंभीर सवाल
कैप्टन अभिमन्यु ने नौकरियों में कथित तौर पर चलने वाली पर्ची-खर्ची व्यवस्था को लेकर भी विरोधियों को जमकर घेरा। उन्होंने सवाल उठाया कि जो लोग आज खुद सरेआम पर्ची से नौकरियां बांटने की बात स्वीकार कर रहे हैं, आखिर उन्होंने ही पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला को जेल क्यों करवाई, इसका जवाब उन्हें जनता को देना होगा।
उन्होंने खेद जताते हुए कहा कि कुछ पूर्वाग्रही इतिहासकारों ने हमेशा से ही हरियाणा की खापों के खिलाफ गहरी साजिशें रची हैं, जबकि खापों का वास्तविक इतिहास सदा सामाजिक सुधारों और गौरव से भरा रहा है। इस सम्मेलन को मनोज जौरासी, सुरेंद्र अहलावत, सुभाष कुहाड़ और सुरेश मच्छरौली ने भी संबोधित किया।
Author: Sandeep Hooda


