World News: ईरान पर इजरायल के विनाशकारी जवाबी हमले के बाद पूरे मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर पहुंच गया है। इस खतरनाक माहौल के बीच तेहरान में मौजूद भारतीय दूतावास ने बेहद जरूरी ट्रैवल एडवाइजरी जारी की है। भारत सरकार ने अपने नागरिकों को तुरंत ईरान छोड़ने की सलाह दी है।
दूतावास ने सभी भारतीय नागरिकों को ईरान की किसी भी यात्रा से पूरी तरह बचने की अपनी पुरानी चेतावनी दोहराई है। इसके साथ ही वर्तमान में वहां रह रहे भारतीयों को स्पष्ट हिदायत दी गई है कि वे जल्द से जल्द उपलब्ध साधनों से देश से बाहर निकल जाएं।
इजरायली एयरफोर्स ने ईरान के सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना
भारतीय दूतावास की यह गंभीर सलाह तब आई है, जब दोनों देशों के बीच हमले और पलटवार से पश्चिम एशिया सुलग उठा है। दरअसल, लेबनान पर इजरायली हमलों से नाराज होकर पहले ईरान ने हमला किया था। अब इजरायल की वायु सेना ने ईरान के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है।
ईरानी समाचार एजेंसी आईआरएनए के मुताबिक, पश्चिमी और मध्य ईरान के तेहरान, तबरीज और इस्फहान शहरों में कई भयानक धमाके सुने गए हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने बड़ा दावा किया कि इजरायल ने इन हमलों में आधुनिक एयर-लॉन्च बैलिस्टिक मिसाइलों का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया है।
दूसरी तरफ इजरायली रक्षा बलों यानी आईडीएफ ने कहा कि उसने ईरान के महशहर क्षेत्र में स्थित पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के कई लक्ष्यों को सफलतापूर्वक तबाह कर दिया है। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस भीषण हमले से प्लांट को बहुत बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचा है।
डोनाल्ड ट्रंप की सलाह दरकिनार कर नेतन्याहू ने बुलाई बैठक
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सलाह को दरकिनार करते हुए इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक आपातकालीन सुरक्षा कैबिनेट बैठक बुलाई है। इस अति महत्वपूर्ण बैठक में केवल चुनिंदा सीनियर मंत्री और सुरक्षा मामलों से जुड़े टॉप के मिलिट्री कमांडर ही शामिल हो रहे हैं।
इजरायली मीडिया के अनुसार इस उच्च स्तरीय बैठक में ईरान के मिसाइल हमलों, इजरायल की तरफ से किए गए ताजा पलटवार और आगे की बड़ी सैन्य रणनीति पर गहन चर्चा होगी। दोनों देशों के इस युद्ध से अमेरिका की मध्यस्थता वाली शांति वार्ता भी अधर में लटक गई है।
Author: Pallavi Sharma


