Shimla News: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मानसून के दौरान पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि टूरिस्ट्स को राज्य में आने से बिल्कुल डरने की जरूरत नहीं है। शिमला, डलहौजी और कुल्लू-मनाली जैसे प्रमुख पर्यटन स्थल पूरी तरह सुरक्षित हैं।
मुख्यमंत्री ने यह बात राजधानी शिमला में एक नए डिजिटल म्यूजियम के इनॉग्रेशन के मौके पर पत्रकारों से चर्चा करते हुए कही। इसके साथ ही उन्होंने सभी टूरिस्ट्स से एक खास अपील भी की है। उन्होंने कहा कि लोग नदियों और बरसाती नालों के किनारे जाने की गलती बिल्कुल न करें।
पर्यटकों के लिए सख्त एडवाइजरी और सुरक्षा के निर्देश
सीएम सुक्खू ने साफ शब्दों में कहा कि पानी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों में किसी भी तरह के स्टंट या रिस्की एक्टिविटी न करें। हिमाचल में साल 2023 और 2024 में काफी गंभीर नेचुरल डिजास्टर देखने को मिले थे। उस मुश्किल समय में पूरी कैबिनेट और प्रशासन राहत कार्यों में एक्टिव रहा।
मुख्यमंत्री ने आगे बताया कि राज्य सरकार के शानदार डिजास्टर मैनेजमेंट की सराहना वर्ल्ड बैंक और नीति आयोग ने भी की थी। इस बार प्रशासन मानसून सीजन के शुरू होने से पहले ही पूरी तरह तैयार है। सभी संबंधित सरकारी डिपार्टमेंट्स को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रहने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
सरकार ने जान-माल के नुकसान को न्यूनतम रखने के लिए हर संभव पुख्ता अरेंजमेंट्स किए हैं। सीएम ने यह भी जानकारी दी कि आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए जल्द ही एक हाई-लेवल रिव्यू मीटिंग बुलाई जाएगी। इस स्पेशल मीटिंग में सभी सिक्योरिटी अरेंजमेंट्स को दोबारा री-चेक किया जाएगा।
संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर, पूरा हिमाचल असुरक्षित नहीं
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने जोर देकर कहा कि राज्य के कुछ गिने-चुने संवेदनशील इलाकों में कभी-कभी प्राकृतिक आपदाएं आती हैं। इसका यह मतलब कतई नहीं है कि पूरा हिमाचल प्रदेश ही असुरक्षित है। पर्यटकों को पैनिक होने की कोई जरूरत नहीं है, बस वे गाइडलाइंस का पालन करें।
उन्होंने देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों से अपील की कि वे मौसम विभाग की डेली वेदर एडवाइजरी को जरूर फॉलो करें। इसके साथ ही वे स्थानीय प्रशासन के सभी ट्रैफिक और सेफ्टी इंस्ट्रक्शंस का सम्मान करते हुए अपनी यात्रा को सुरक्षित और सुखद बनाएं ताकि कोई असुविधा न हो।

