Bihar News: नालंदा जिले के तेल्हारा पैक्स (PACS) को ग्रामीण अर्थव्यवस्था के एक मजबूत और आधुनिक केंद्र के रूप में विकसित करने की तैयारी तेज हो गई है। बुधवार को नाबार्ड (NABARD) और सहकारिता विभाग के उच्चाधिकारियों की एक संयुक्त टीम ने पैक्स का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य पैक्स की कार्यप्रणाली की समीक्षा करना और इसे एक ‘बहुउद्देशीय सेवा केंद्र’ के रूप में तब्दील करने की संभावनाओं को तलाशना था। अधिकारियों ने पैक्स को किसानों के लिए वन-स्टॉप सेंटर बनाने पर जोर दिया।
धान अधिप्राप्ति से आगे बढ़कर दी जाएंगी डिजिटल सेवाएं
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बदलते परिवेश में पैक्स की भूमिका केवल धान खरीद तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। इसे अब एक समग्र सुविधा केंद्र के रूप में विकसित करना समय की मांग है। टीम ने पैक्स के माध्यम से दी जाने वाली तकनीक आधारित सेवाओं और डिजिटल सुविधाओं के विस्तार पर गहन चर्चा की। अधिकारियों के अनुसार, यदि पैक्स आधुनिक तकनीकों को अपनाता है, तो इससे न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी बल्कि स्थानीय स्तर पर किसानों की आय में भी जबरदस्त इजाफा होगा।
कृषि संसाधनों और आधुनिक मशीनरी की होगी उपलब्धता
अधिकारियों की टीम ने पैक्स में कृषि से जुड़े संसाधनों की वर्तमान स्थिति का जायजा लिया। चर्चा के दौरान इस बात पर बल दिया गया कि किसानों को खाद, बीज और उन्नत कृषि यंत्र आसानी से उपलब्ध कराए जाएं। पैक्स को और सुदृढ़ करने के लिए सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की योजना बनाई गई है। अधिकारियों ने संकेत दिया कि जो पैक्स बेहतर प्रदर्शन करेंगे, उन्हें भविष्य में विशेष वित्तीय सहयोग और अतिरिक्त संसाधन प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराए जाएंगे।
स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन के अवसरों पर मंथन
सहकारिता तंत्र से जुड़े विशेषज्ञों ने निरीक्षण के दौरान पैक्स के माध्यम से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने पर भी विचार-विमर्श किया। पैक्स को बहुउद्देशीय केंद्र बनाने से वहां प्रोसेसिंग यूनिट और भंडारण की बेहतर सुविधाएं विकसित होंगी, जिससे ग्रामीण स्तर पर आय के नए स्रोत खुलेंगे। पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए पैक्स के लेखा-जोखा और अन्य कार्यों के डिजिटलीकरण को अनिवार्य बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए।
पैक्स अध्यक्ष और प्रबंध समिति के साथ महत्वपूर्ण बैठक
इस विशेष निरीक्षण के दौरान तेल्हारा पैक्स के अध्यक्ष राम कुमार बोकाडिया सहित प्रबंध समिति के अन्य सदस्य और कर्मी मुख्य रूप से मौजूद रहे। अधिकारियों ने पैक्स कर्मियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना और सुधार के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पैक्स अध्यक्ष ने टीम को आश्वस्त किया कि वे किसानों की भागीदारी सुनिश्चित करने और सरकारी निर्देशों के अनुरूप पैक्स को एक आदर्श सेवा केंद्र बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
ग्रामीण विकास की दिशा में एक बड़ा और प्रभावी कदम
नाबार्ड की इस पहल से तेल्हारा क्षेत्र के किसानों में नई उम्मीद जगी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पैक्स वास्तव में बहुउद्देशीय केंद्रों के रूप में कार्य करने लगेंगे, तो बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो जाएगी और किसानों को उनके उत्पाद का सही मूल्य मिल सकेगा। इस बदलाव से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को एक नई गति मिलेगी और गांवों से शहरों की ओर होने वाले पलायन में भी कमी आएगी। अब सभी की नजरें नाबार्ड द्वारा मिलने वाले आगामी सहयोग पर टिकी हैं।

