Dharamshala News: हिमाचल प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण शिमला के दिशानिर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कांगड़ा ने धर्मशाला के समीप सराह गांव में विशेष पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया। राज्य में पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से एक जुलाई से इकतीस जुलाई तक यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
न्यायाधीश चिराग भानु सिंह ने पीपल का पौधा लगाया
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कांगड़ा के अध्यक्ष एवं जिला एवं सत्र न्यायाधीश चिराग भानु सिंह ने किया। उन्होंने सर्वप्रथम वैदिक रीति से मृदा पूजन किया। इसके बाद उन्होंने पीपल का पौधा रोपित किया। इस दौरान वहां विभिन्न देशज प्रजातियों के अस्सी से अधिक पौधे लगाए गए।
लगाए गए पौधों के दीर्घकालिक संरक्षण पर विशेष बल
प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य केवल पौधे लगाना ही नहीं है। विभाग लगाए गए इन सभी पौधों की सुरक्षा, नियमित देखभाल और उनके जीवित रहने की दर को भी सुनिश्चित करेगा। अभियान के तहत प्लास्टिक प्रदूषण की रोकथाम के लिए जनसहभागिता बढ़ाने पर काम हो रहा है।
स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाने का बड़ा प्रयास
इस विशेष कार्यक्रम में स्थानीय जलवायु के सर्वथा अनुकूल देशज प्रजातियों के पौधों का ही चयन किया गया। इनमें प्रमुख रूप से अर्जुन, शीशम, आंवला, जामुन और रीठा शामिल हैं। इससे क्षेत्र के पर्यावरण में संतुलित और सतत पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाने में काफी मदद मिलेगी।
स्कूली बच्चों और स्वयंसेवी संगठनों ने लिया हिस्सा
कार्यक्रम में परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश डॉ. अरविंद मल्होत्रा और श्रम न्यायालय के पीठासीन न्यायाधीश परवीन चौहान विशेष रूप से उपस्थित रहे। इनके अलावा वन विभाग के मुख्य वन संरक्षक बासु कौशल, टोंगलेन स्कूल के विद्यार्थियों और कई गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी पौधरोपण कर पर्यावरण बचाने की शपथ ली।

