Mumbai News: महाराष्ट्र में जारी मूसलाधार बारिश के चलते सोमवार सुबह मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के नए ‘मिसिंग लिंक’ रूट पर भीषण लैंडस्लाइड हो गया। इसके बाद प्रशासन ने एहतियात के तौर पर पुणे से मुंबई जाने वाले वाहनों का ट्रैफिक डायवर्ट कर दिया है। मौसम विभाग ने मुंबई सहित कई जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है।
अधिकारियों के मुताबिक खोपोली-कुसगांव सेक्शन में टनल-2 के एग्जिट के पास भारी भूस्खलन हुआ है। करीब दो महीने पहले ही इस 13 किलोमीटर लंबे ‘मिसिंग लिंक’ बाईपास को शुरू किया गया था। यह रूट सह्याद्रि पर्वतमाला से होकर गुजरता है। इस नए बाईपास से यात्रा की दूरी करीब छह किलोमीटर कम हो जाती है।
इस बाईपास के इस्तेमाल से यात्रियों के सफर का करीब 25 से 30 मिनट का समय बचता था। महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम (MSRDC) ने हाईवे ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर सुबह चार बजे से ही नया ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया है। अधिकारियों ने स्थिति सामान्य होने तक चालकों से इस रूट पर न जाने की अपील की है।
लोनावला और खंडाला घाट पर लगा कई किलोमीटर लंबा ट्रैफिक जाम
बाईपास का रास्ता बंद होने के कारण सभी वाहनों को लोनावला के पुराने रास्ते से भेजा जा रहा है। इस वजह से लोनावला और खंडाला घाट सेक्शन में सुबह से ही कई किलोमीटर लंबा भारी ट्रैफिक जाम लग गया है। एक्सप्रेसवे के इस हिस्से में गाड़ियों की लंबी कतारें लगी हैं और यातायात बेहद धीमी गति से चल रहा है।
भारी बारिश के कारण कई जगहों पर जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। हाईवे ट्रैफिक पुलिस कंट्रोल रूम लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है। सांगली से मुंबई जा रहे एक वाहन चालक ने बताया कि उन्हें लोनावला के रास्ते जाना पड़ा, जहां मूसलाधार बारिश के कारण वाहन रेंगते हुए आगे बढ़ रहे हैं।
भारी बारिश के चलते महाराष्ट्र विधानसभा की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के आधिकारिक बयान के बाद सोमवार को महाराष्ट्र विधानसभा की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई। विपक्षी पार्टियों ने नए खुले मिसिंग लिंक रूट पर लैंडस्लाइड को लेकर महायुति सरकार की कड़ी आलोचना की है। शिवसेना (यूबीटी), कांग्रेस और एनसीपी (शरद पवार) ने सरकार पर सीधे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं।
विपक्ष का कहना है कि महज दो महीने पहले खुली सड़क का इस तरह धंसना तकनीकी लापरवाही को दर्शाता है। दूसरी तरफ, बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) ने सभी बिल्डरों और ठेकेदारों को खतरनाक निर्माण कार्य तुरंत रोकने के कड़े आदेश जारी किए हैं। नगर निकाय ने मचान, क्रेन और सुरक्षा जालों को मजबूती से बांधने का निर्देश दिया है।
प्राइवेट कंपनियों को कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम देने की सलाह
महाराष्ट्र राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (SDMA) ने निजी कंपनियों को कर्मचारियों को ‘वर्क फ्रॉम होम’ देने की सलाह दी है। इसके साथ ही गैर-जरूरी सरकारी दफ्तरों को सिर्फ आधे दिन काम करने का निर्देश दिया गया है। कोंकण और तटीय इलाकों के कुछ जिलों के लिए छह और सात जुलाई के दौरान रेड और ऑरेंज अलर्ट रहेगा।
आपदा प्रबंधन ने आम जनता से झरने, तटीय रास्तों और जलभराव वाले इलाकों में न जाने की अपील की है। आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर 112, 1070 और 1077 जारी किए हैं। बॉम्बे हाईकोर्ट ने भी दूर-दराज से आने वाले अपने कर्मचारियों को दफ्तर न आने पर अनुपस्थित न मानने का आदेश दिया है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मुंबई, रायगढ़, चिपलूण और रत्नागिरी में बाढ़ का बड़ा खतरा जताया है। लगातार हो रही बारिश ने मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली लोकल ट्रेनों के संचालन को भी बुरी तरह प्रभावित किया है। तेज हवाओं के कारण ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जिससे आम जनता को भारी परेशानी हो रही है।

