Uttarakhand News: केदारनाथ यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए उत्तराखंड पुलिस लगातार मुस्तैद है। पुलिस ने वीआईपी दर्शन कराने के नाम पर भोले-भाले यात्रियों से हजारों रुपये की ठगी करने वाले एक शातिर आरोपी को मंदिर परिसर से धर दबोचा है।
फर्जी एजेंट बनकर यात्रियों को ऐसे फंसाया जाल में
पकड़ा गया आरोपी खुद को आईआरसीटीसी का अधिकृत एजेंट बताता था। पुलिस ने मंदिर चौकी को मिली खुफिया जानकारी के बाद यह त्वरित कार्रवाई की है। आरोपी बाबा केदार के दर्शन के लिए आए श्रद्धालुओं को अपना शिकार बना रहा था।
जांच में पता चला है कि आरोपी ने 10 श्रद्धालुओं के एक ग्रुप से प्रत्येक व्यक्ति तीन हजार रुपये वसूले थे। इस तरह उसने कुल 30,000 रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दिया। पुलिस ने उसके पास से पांच हजार रुपये कैश भी बरामद किए हैं।
हिमाचल प्रदेश के आरोपी को भेजा चमोली जिला जेल
रुद्रप्रयाग की पुलिस अधीक्षक निहारिका तोमर ने बताया कि आरोपी की पहचान चिराग के रूप में हुई है। वह हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले का रहने वाला है। वह स्थानीय लोगों के साथ मिलकर इस गैर-कानूनी काम को अंजाम दे रहा था।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है। सोनप्रयाग थाने में भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। कोर्ट ने आरोपी चिराग को न्यायिक हिरासत में चमोली जिला जेल भेजने का आदेश दिया है।
स्थानीय नेटवर्क की जांच और पुलिस की सख्त अपील
पुलिस अब इस मामले में शामिल एक स्थानीय सहयोगी की सरगर्मी से तलाश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। यात्रा मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी को पहले से अधिक कड़ा कर दिया गया है।
उत्तराखंड पुलिस ने देश-विदेश से आने वाले सभी श्रद्धालुओं से विशेष अपील की है। यात्रा के दौरान वीआईपी दर्शन या किसी अन्य लालच में आकर अनधिकृत लोगों को पैसे न दें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत शिकायत पुलिस कंट्रोल रूम में दर्ज कराएं।
Reported By: Harish Rawat

