Delhi News: दिल्ली पुलिस ने राष्ट्रीय राजधानी में सक्रिय पाकिस्तान से जुड़े एक बड़े आतंकी और संगठित अपराध मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने सीमा पार बैठे आकाओं के इशारे पर दिल्ली-एनसीआर में हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी करने वाले सात शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने मंगलवार को इस बड़ी कामयाबी की आधिकारिक जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि पकड़े गए सभी आरोपी कथित तौर पर पाकिस्तान में छिपे कुख्यात गैंगस्टर शहजाद भट्टी और उसके करीबी सहयोगी अजमल गुज्जर के लिए काम कर रहे थे।
दिल्ली और गाजियाबाद के कई संवेदनशील इलाकों की थी रेकी
यह गिरोह पूरे क्षेत्र में अवैध खतरनाक हथियार, कारतूस और प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बड़े पैमाने पर तस्करी में शामिल था। जांचकर्ताओं ने पाया कि इस मॉड्यूल के सदस्यों ने दिल्ली, गाजियाबाद और आसपास के कई इलाकों में महत्वपूर्ण स्थानों की रेकी भी की थी।
इस टोह के सामने आने से क्षेत्र में किसी बड़ी आतंकी गतिविधि को अंजाम देने की संभावित साजिश को लेकर सुरक्षा चिंताएं बढ़ गई हैं। पुलिस के मुताबिक मई महीने में मिली खुफिया इनपुट से संकेत मिला था कि भट्टी और गुज्जर स्थानीय गुर्गों के जरिए बड़ी साजिश रच रहे हैं।
जाल बिछाकर दबोचा गया गिरोह का मुख्य सरगना मोहित
इस इनपुट पर तुरंत कार्रवाई करते हुए स्पेशल पुलिस टीम ने सघन जांच शुरू की और जाल बिछाया। पुलिस ने सबसे पहले इस गिरोह के एक प्रमुख सदस्य मोहित उर्फ योगी को दबोच लिया। मोहित उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद का रहने वाला है।
पुलिस ने मोहित के पास से कई अवैध हथियार और पाकिस्तान स्थित आकाओं के साथ उसके सीधे संबंधों की पुष्टि करने वाले पुख्ता डिजिटल सबूत बरामद किए हैं। मोहित से हुई कड़ी पूछताछ के बाद पुलिस ने इस व्यापक नेटवर्क का पूरा खुलासा किया है।
सोशल मीडिया से युवाओं को जल्दी पैसा कमाने का लालच
पुलिस के अनुसार आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का धड़ल्ले से इस्तेमाल करते थे। वे इसके जरिए स्थानीय युवाओं को हथियारों और ड्रग्स की तस्करी के धंधे में शामिल करते थे। इसके लिए युवाओं को बहुत जल्दी और आसान पैसा कमाने का लालच दिया जाता था।
पुलिस जांच में सामने आया कि इस गिरोह को पाकिस्तान से पंजाब में ड्रोन के जरिए गिराए गए हथियारों और नशीले पदार्थों की बड़ी खेप मिलती थी। फिर इन खेपों को अलग-अलग गुर्गों की एक लंबी चेन के माध्यम से सुरक्षित दिल्ली-एनसीआर लाया जाता था।
भारी मात्रा में विदेशी पिस्तौल और कारतूस बरामद
इस बड़े अभियान के दौरान पुलिस ने पांच अत्याधुनिक पिस्तौल, 41 जिंदा कारतूस, सात मोबाइल फोन और एक एसयूवी कार बरामद की है। इस सफल ऑपरेशन ने कई संभावित आपराधिक और आतंकवाद-संबंधी साजिशों को समय रहते पूरी तरह विफल कर दिया है।
पुलिस ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों मोहित, अनस त्यागी, दीपक अगरोला, आरिफ, जतन, साबिर और करनवीर सिंह में से कई का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड है। वे पहले भी हत्या, लूट, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट जैसे संगीन मामलों में शामिल रहे हैं।
फरार सप्लायरों और फाइनेंस करने वालों की तलाश तेज
फिलहाल दिल्ली पुलिस इस मॉड्यूल के अन्य सक्रिय सदस्यों का पता लगाने के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। इनमें फरार चल रहे अन्य गुर्गे, अवैध हथियार सप्लायर और इस पूरे नेटवर्क को फंड मुहैया कराने वाले संदिग्ध वित्तीय मददगार शामिल हैं।
इस मॉड्यूल की पूरी हिंसक गतिविधियों और पाकिस्तान में बैठे मास्टरमाइंड के साथ इसके वित्तीय संबंधों का पूरी तरह पता लगाने के लिए एक विस्तृत जांच जारी है। पुलिस जल्द ही इस मामले में कुछ और बड़ी गिरफ्तारियां कर सकती है।
Author: Gaurav Malhotra

