Mandi News: हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में मादक पदार्थों की तस्करी और नशे के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस ने अब तक का सबसे बड़ा प्रहार किया है। पधर थाना पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर डगवाणधार क्षेत्र के जंगलों में चल रहे अवैध अफीम की खेती के एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस की विशेष टीम ने पांच अलग-अलग खेतों में उगाई गई अफीम की लहलहाती फसल को पूरी तरह नष्ट कर दिया है।
पधर थाना पुलिस से प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार पुलिस की एक विशेष खोजी टीम दुर्गम पहाड़ी इलाकों में नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान सर्च ऑपरेशन चलाते हुए टीम डगवाणधार के घने जंगलों की तरफ आगे बढ़ी। वहां पुलिस अधिकारियों को पांच अलग-अलग खेतों में बड़े पैमाने पर की जा रही अफीम की खेती दिखाई दी। पुलिस ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए पूरे संदिग्ध इलाके को अपने घेरे में ले लिया।
खेतों से उखाड़े गए 16,058 प्रतिबंधित पौधे
सुरक्षा बलों ने खेतों पर कब्जा करने के बाद जब अफीम के पौधों की गिनती शुरू की तो आंकड़े बेहद चौंकाने वाले थे। वहां कुल 16,058 अफीम के पौधे अवैध रूप से उगाए गए थे। पुलिस टीम ने कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए सभी नशीले पौधों को मौके पर ही उखाड़ दिया। इसके बाद पूरी फसल को आग के हवाले कर नष्ट कर दिया गया। पधर थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज हो चुका है।
मंडी जिला पुलिस अब इस बात की बहुत गहनता से तफ्तीश कर रही है कि इन दुर्गम पहाड़ों पर अफीम की यह इतनी बड़ी खेती आखिर किसके इशारे पर की जा रही थी। इस पूरे काले धंधे के पीछे मुख्य ड्रग माफिया कौन है, इसका पता लगाने के लिए पुलिस की खुफिया शाखा को भी सक्रिय कर दिया गया है। पुलिस संदिग्ध ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है।
जमीन मालिकों की पहचान के लिए राजस्व विभाग सक्रिय
मामले की पुष्टि करते हुए एसपी मंडी विनोद कुमार ने बताया कि पुलिस इस अवैध धंधे में शामिल असली चेहरों तक पहुंचने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है। पुलिस ने उस विवादित भूमि के असली मालिकों की पहचान करने के लिए राज्य के राजस्व विभाग के साथ तुरंत लिखित पत्राचार किया है। राजस्व विभाग से जमीन के मालिकाना हक का सरकारी रिकॉर्ड मिलते ही सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
एसपी मंडी ने अपराधियों को कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि नशे के सौदागरों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। जिला पुलिस अवैध मादक पदार्थों और नशे के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए प्रतिबद्ध है। पुलिस का यह विशेष खोजी अभियान भविष्य में भी लगातार और अधिक सख्ती से जारी रहेगा ताकि देवभूमि के युवाओं को इस गंभीर सामाजिक बुराई से सुरक्षित रखा जा सके।

