दरभंगा में सनसनी: पुरानी रंजिश में दुकानदार ने की पूर्व कर्मचारी की गला घोंटकर हत्या, सीसीटीवी ने खोला राज

- Advertisement -

Darbhanga News: बिहार के दरभंगा जिले के विश्वविद्यालय थानाक्षेत्र स्थित रानीपुर इलाके में एक रोंगटे खड़े कर देने वाली हत्या का मामला सामने आया है। यहां एक पेंट-रंग की दुकान चलाने वाले मालिक ने अपने ही पूर्व कर्मचारी की गला दबाकर बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने शव को अपनी ही दुकान के अंदर छिपा दिया और शटर गिराकर फरार हो गया। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी दुकानदार और उसके बेटे को गिरफ्तार कर लिया है।

व्यापारिक प्रतिस्पर्धा बनी हत्या की मुख्य वजह

मिली जानकारी के अनुसार, रानीपुर निवासी महादेव यादव की पेंट की दुकान में गांव का ही बबलू यादव लंबे समय से काम करता था। कुछ समय पहले बबलू ने वहां से काम छोड़कर अपनी अलग दुकान खोल ली थी। बबलू की दुकान अच्छी चलने लगी, जो महादेव यादव और उसके पुत्र चंदन यादव को रास नहीं आई। इसी व्यापारिक जलन और रंजिश के कारण पिता-पुत्र ने मिलकर बबलू को रास्ते से हटाने की खौफनाक साजिश रच डाली और वारदात को अंजाम दिया।

- Advertisement -

दुकान में बुलाकर वारदात को दिया अंजाम

आरोप है कि मंगलवार की रात महादेव और चंदन ने योजनाबद्ध तरीके से बबलू को किसी बहाने से अपनी दुकान पर बुलाया। जब बबलू वहां पहुंचा, तो दोनों ने मिलकर उसका गला घोंट दिया। हत्या सुनिश्चित करने के बाद उन्होंने साक्ष्यों को छिपाने के उद्देश्य से शव को दुकान के भीतर ही रख दिया और बाहर से ताला लगाकर भाग निकले। देर रात तक जब बबलू अपने घर वापस नहीं लौटा, तो उसके परिजनों ने अनहोनी की आशंका में उसकी खोजबीन शुरू की।

सीसीटीवी फुटेज से हुआ अपराधियों का पर्दाफाश

परिजनों ने जब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की, तो उसमें बबलू को आखिरी बार महादेव और चंदन के साथ जाते हुए देखा गया। इसके आधार पर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया और कड़ाई से पूछताछ की। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने बंद दुकान का ताला खोला, जहां से बबलू का शव बरामद हुआ। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया।

एफएसएल टीम ने जुटाए अहम साक्ष्य

विश्वविद्यालय थानाध्यक्ष सुधीर कुमार ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विधि विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त सामान और अन्य डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित कर लिया है। फिलहाल, दोनों आरोपियों को जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है और मामले की आगे की जांच जारी है।

- Advertisement -

बड़ी खबरें

Topics

Related Articles