Himachal Pradesh News: मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड यानी बीबीएमबी में हिमाचल के वैधानिक अधिकारों की पुरजोर वकालत की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुप्रीम कोर्ट ने राज्य को 7.19 प्रतिशत हिस्सा देने का आदेश दिया है। इस हक को हासिल करने के लिए प्रदेश सरकार निरंतर प्रयासरत है।
शिमला में नॉर्दन जोनल काउंसिल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि पंजाब और राजस्थान सरकारों के साथ बातचीत का दौर जारी है। सरकार जल्द ही हरियाणा से भी संवाद करेगी। उन्होंने हरियाणा से अपील की कि वह अदालत में हलफनामा दायर कर हिमाचल के हक का पुरजोर समर्थन करे।
लोक निर्माण विभाग संभालेगा बांधों के निर्माण का जिम्मा
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बैठक में एक बड़ी साझा विकास योजना का आह्वान किया। उन्होंने एलान किया कि राज्य का लोक निर्माण विभाग अब केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं रहेगा। विभाग भविष्य में बड़े बांधों और अन्य महत्वपूर्ण आधारभूत ढांचा परियोजनाओं के निर्माण में भी अपनी सक्रिय भूमिका निभाएगा।
यह बात मुख्यमंत्री ने शिमला के पीटरहॉफ होटल में आयोजित बैठक के दूसरे दिन अंतर-राज्यीय सत्र में कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश के कई दुर्गम क्षेत्रों में आज भी सड़क सुविधा नहीं पहुंच पाई है। ऐसे पिछड़े गांवों को मुख्य सड़क नेटवर्क से जोड़ने के लिए राज्य सरकार जल्द एक विशेष नीति तैयार करेगी।
सड़कों और पुलों के निर्माण में होगा एआई तकनीक का उपयोग
इस सत्र के दौरान लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने भी उत्तरी राज्यों के लिए एक समन्वित मास्टर प्लान बनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि पर्वतीय राज्यों के सामने भौगोलिक चुनौतियां एक समान हैं। इसलिए आधुनिक तकनीकों को अपनाकर बुनियादी ढांचे के विकास को नई रफ्तार देनी होगी।
विक्रमादित्य सिंह ने घोषणा की कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, पारदर्शिता और गति बढ़ाने के लिए विभाग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई तकनीक का उपयोग किया जाएगा। इसके साथ ही डिजिटल निगरानी प्रणाली को बढ़ावा मिलेगा। इससे सभी चालू प्रोजेक्ट्स की प्रगति पर वास्तविक समय में सीधी नजर रखी जा सकेगी।
Reported By: Sunita Gupta

