Gujarat News: गुजरात के सूरत से रूह कंपा देने वाली एक दर्दनाक घटना सामने आई है। डिंडोली इलाके में दो कॉलेज छात्राओं ने जहरीली दवा पीकर आत्महत्या कर ली। इस मामले में सबसे चौंकाने वाला खुलासा यह हुआ है कि सुसाइड से पहले छात्राओं ने ‘AI प्लेटफॉर्म’ पर मौत के तरीके सर्च किए थे। सणिया गांव स्थित स्वामिनारायण मंदिर के बाथरूम में दोनों के शव मिलने से हड़कंप मच गया है। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस मिस्ट्री की परतें खोलना शुरू कर दिया है।
कॉलेज के लिए निकली थीं पर घर नहीं लौटीं
मृतक छात्राओं की पहचान रोशनी शिरसाठ और ज्योत्सना चौधरी के रूप में हुई है। ये दोनों सहेलियां 6 मार्च 2026 की सुबह हमेशा की तरह कॉलेज जाने के लिए घर से निकली थीं। दोपहर तक जब वे वापस नहीं आईं, तो परिजनों की चिंता बढ़ गई। पुलिस को सूचना मिलते ही मोबाइल लोकेशन ट्रेस की गई। 7 मार्च को मंदिर परिसर में उनकी स्कूटी खड़ी मिली, जिसके बाद सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर सुसाइड का खौफनाक सच सामने आया।
मंदिर के बाथरूम में मिला छात्राओं का शव
सीसीटीवी फुटेज में दोनों छात्राएं मंदिर के बाथरूम की ओर जाती दिखीं, जिसके बाद उन्होंने अंदर से कुंडी लगा ली थी। काफी देर तक हलचल न होने पर पुलिस ने दरवाजा तोड़ा, तो अंदर दोनों बेसुध पड़ी थीं। मौके से पुलिस को सिरिंज और जहरीली दवा की तीन खाली बोतलें बरामद हुई हैं। शुरुआती जांच में साफ लग रहा है कि दोनों ने जहरीला इंजेक्शन या दवा लेकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली है।
AI से पूछा सुसाइड का तरीका, मोबाइल जब्त
पुलिस जांच में यह दिल दहला देने वाली बात सामने आई कि आत्महत्या से ठीक पहले छात्राओं ने इंटरनेट और AI पर ‘How to Commit Suicide’ सर्च किया था। वे सुसाइड के सबसे ‘प्रभावी’ तरीके ढूंढ रही थीं। डिंडोली पुलिस ने छात्राओं के मोबाइल फोन, सिरिंज और दवा की बोतलों को फॉरेंसिक लैब (FSL) भेज दिया है। पुलिस अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि आखिर ऐसी क्या वजह थी, जिसने दो होनहार छात्राओं को मौत को गले लगाने पर मजबूर कर दिया।
