Washington News: अमेरिका की राष्ट्रीय खुफिया निदेशक और डोनाल्ड ट्रंप की करीबी तुलसी गबार्ड ने एक बेहद चौंकाने वाला बयान दिया है। उन्होंने खुलेआम कहा है कि अमेरिका के लिए सबसे बड़ा परमाणु खतरा पाकिस्तान है। तुलसी गबार्ड ने एक प्रेस ब्रीफिंग में दुनिया के कई खतरनाक देशों का जिक्र किया। उन्होंने पाकिस्तान के साथ रूस, चीन, उत्तर कोरिया और ईरान को भी अमेरिकी सुरक्षा के लिए सीधा खतरा बताया है। इस बड़े बयान के बाद पूरी दुनिया में कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है।
नई मिसाइलें बना रहे हैं ये देश
तुलसी गबार्ड ने खुफिया विभाग की एक अहम रिपोर्ट का हवाला दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पाकिस्तान और अन्य विरोधी देश तेजी से नए हथियार विकसित कर रहे हैं। ये देश लगातार उन्नत और पारंपरिक मिसाइल डिलीवरी सिस्टम पर रिसर्च कर रहे हैं। इन मिसाइलों में परमाणु और पारंपरिक दोनों तरह के हथियार ले जाने की क्षमता है। गबार्ड ने चेतावनी दी है कि अब अमेरिका इन देशों की मिसाइलों की मारक क्षमता के बिल्कुल दायरे में आ चुका है। यह अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा अलार्म है।
रूस और चीन के साथ बन रहा नया गठजोड़
खतरे की यह घंटी सिर्फ पाकिस्तान तक सीमित नहीं है। तुलसी गबार्ड ने उत्तर कोरिया के बढ़ते दुस्साहस पर भी गहरी चिंता जताई है। उन्होंने दावा किया कि उत्तर कोरिया अब रूस और चीन के साथ अपनी सैन्य साझेदारी को लगातार मजबूत कर रहा है। अमेरिका के खिलाफ यह नया वैश्विक गठजोड़ दुनिया को एक नए खतरे की तरफ धकेल रहा है। ईरान भी अपनी सैन्य ताकत बढ़ाकर अमेरिका को सीधे तौर पर चुनौती दे रहा है। ट्रंप प्रशासन की इस बड़ी अधिकारी के बयान ने विश्व पटल पर हथियारों की एक नई बहस छेड़ दी है।


