Business News: भारतीय शेयर बाजार के लिए गुरुवार का दिन ‘ब्लैक गुरुवार’ साबित हुआ। आज बाजार में मचे कोहराम से निवेशकों के करीब 8.1 लाख करोड़ रुपये डूब गए। सेंसेक्स 780.18 अंक टूटकर 84,180.96 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी भी 263.90 अंकों की भारी गिरावट के साथ 25,876.85 पर आ गया। चौतरफा बिकवाली के कारण आज बाजार में मायूसी छाई रही।
मेटल और एनर्जी शेयरों ने डुबोया
शेयर बाजार को नीचे गिराने में सबसे बड़ी भूमिका मेटल और एनर्जी सेक्टर की रही। निफ्टी मेटल इंडेक्स में सबसे ज्यादा 3.40 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा एनर्जी, ऑयल एंड गैस और सरकारी कंपनियों (PSE) के शेयर भी बुरी तरह टूटे। निफ्टी आईटी और फार्मा सेक्टर भी लाल निशान में बंद हुए। आज कोई भी मुख्य सेक्टर हरे निशान में अपनी जगह नहीं बना पाया।
दिग्गज शेयरों का बुरा हाल
बाजार में आज लार्जकैप के साथ-साथ छोटे और मंझोले शेयरों (Midcap/Smallcap) की भी जमकर पिटाई हुई। सेंसेक्स में एलएंडटी, टेक महिंद्रा, टीसीएस, टाटा स्टील और इंफोसिस जैसे दिग्गज शेयर सबसे ज्यादा गिरने वालों में शामिल थे। दूसरी ओर, गिरते शेयर बाजार में आईसीआईसीआई बैंक, बजाज फाइनेंस और बीईएल ने थोड़ी मजबूती दिखाई। हालांकि, पूरे बाजार में गिरने वाले शेयरों की संख्या बढ़ने वाले शेयरों से कहीं ज्यादा थी।
क्यों आया इतना बड़ा भूचाल?
बाजार के जानकारों का मानना है कि इस गिरावट की मुख्य वजह अमेरिका में टैरिफ बढ़ने का डर है। इसके अलावा विदेशी निवेशकों (FIIs) द्वारा लगातार की जा रही बिकवाली ने शेयर बाजार की कमर तोड़ दी है। विदेशी निवेशकों ने लगातार तीसरे दिन करीब 4051 करोड़ रुपये निकाल लिए। हालांकि, घरेलू निवेशकों ने 2900 करोड़ रुपये का निवेश कर बाजार को सहारा देने की कोशिश की, लेकिन विदेशी दबाव भारी पड़ा।

