सावधान! शॉपिंग के चक्कर में हो जाओगे कंगाल, फेक शॉपिंग वेबसाइटों पर हैकर कर रहे है इंतजार

टेक्नोलॉजी ने हमारे लिए सब कुछ आसान बना दिया है। एक समय था जब शॉपिंग का मतलब बाजार जाना होता था, लेकिन आजकल घर बैठे ही शॉपिंग की जा सकती है। ऑनलाइन शॉपिंग शहरों और कस्बों में बहुत लोकप्रिय हो गई है।

लोगों की इसी आदत का फायदा उठाने के लिए हैकर्स नकली शॉपिंग वेबसाइट्स के साथ लोगों को ठगने के लिए घात लगाएं बैठे हैं।

कंगाल कर सकती है एक गलती
इंटरनेट के जरिए खरीदारी करने में जरा सी भी गलती ग्राहकों को भारी नुकसान पहुंचा सकती हैं। इंटरनेट पर कम दाम में सामान बेचने वाली वेबसाइट्स में फंसकर उपभोक्ता ठगी का शिकार हो रहे हैं। यूजर जाने-अनजाने में जालसाजों के हाथों फंस जाते हैं और बदले में उन्हीं ठगों द्वारा कटी-फटी साड़ियां और डमी फोन भेज दिए जाते हैं।

इस साइट ने हजारों भारतीयों को ठगा
Wellbuymall.com एक ऐसा पोर्टल है जिसने हजारों भारतीय यूजर्स को ठगा है। वेबसाइट ने खरीदारों को गैजेट्स खरीदने का लालच दिया और भुगतान करने के तुरंत बाद गायब हो गई। वेबसाइट वर्तमान में निष्क्रिय है। Wellbuymall.com के URL पर अब उपयोगकर्ताओं को एक चीनी मैसेज दिखाई दे रहा है, जो “Site Not Found. Your request did not find the corresponding site in the webserver!” का अनुवाद करता है।

पीड़ितों ने बताया- कैसे बने शिकार
धोखाधड़ी के शिकार लोगों में से एक, सुजीत वर्मा ने Scamaadviser.com पर अपना अनुभव पोस्ट किया कि उसने एक ऑर्डर दिया और ऑनलाइन भुगतान किया। लेकिन वेबसाइट ने प्रोडक्ट डिलीवर नहीं किया, और अब यह अस्तित्व में भी नहीं है। सुनील गुप्ता नाम के एक अन्य पीड़ित ने अपना अनुभव शेयर करते हुए बताया कि उन्होंने एक एसएसडी का ऑर्डर दिया था, लेकिन भुगतान किए जाने के बाद, वेबसाइट ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और न ही प्रोडक्ट भिजवाया।

ऐसे कई अन्य अनुभव हैं जहां खरीदार इन दुर्भावनापूर्ण और नकली शॉपिंग वेबसाइट्स के चक्कर में फंस जाते हैं और फिर साइबर क्राइम सेल में शिकायत दर्ज करते हैं।

साइबर क्राइम विंग के मुताबिक ऑनलाइन शॉपिंग करते समय इस बात का ध्यान रखें कि या तो साइट पर कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प उपलब्ध हो। इसके अलावा अगर कोई फोन कॉल, एसएमएस या ईमेल के जरिए उनसे संपर्क कर बैंक खाते या ग्राहक के मोबाइल नंबर जैसी जानकारी मांगता है तो डिटेल शेयर न करें।

नकली शॉपिंग वेबसाइट्स से खुद को ऐसे बचाएं

  • आप इंटरनेट से कंपनी की वेबसाइट के प्रमाणीकरण के बारे में पता लगा सकते हैं, और कई ऑनलाइन पोर्टल कंपनी के पंजीकरण और इसकी वैधता के बारे में जानकारी देते हैं।
  • कॉपीराइट ऑप्शन की जांच करें और वैट आईडी (VAT ID) देखें।
  • वेबसाइट के होम पेज पर जाएं और कॉन्टैक्ट पर क्लिक करें। अगर आपको पता (एड्रेस) जैसी जानकारी नहीं मिलती है, तो ऐसी साइटों से खरीदारी करने से बचें।
  • वेबसाइट लिंक में HTTP चेक करें।
  • डिस्काउंट और कैशबैक मिलने के कारण ज्यादातर ग्राहक ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट्स पर खरीदारी करते हैं। अगर आपको किसी वेबसाइट पर बहुत कम कीमत में कोई प्रोडक्ट मिल रहा है तो ध्यान दें कि इसमें कुछ फ्रॉड हो सकता है।
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