North India News: उत्तर भारत के कई राज्यों में इन दिनों कड़ाके की ठंड पड़ रही है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने घने कोहरे और शीतलहर की चेतावनी जारी की है। अगले चार से पांच दिनों तक पंजाब, दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में घना कोहरा छाए रहने की संभावना है।
अगले छह से सात दिनों में हिमाचल प्रदेश, बिहार और राजस्थान में शीतलहर चलने की उम्मीद है। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और बारिश ने मैदानी क्षेत्रों में लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। यातायात और दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है।
दिल्ली में मौसम की स्थिति
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में नए साल से ही कड़ाके की ठंड जारी है। मौसम विभाग के अनुसार आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा। सुबह कई जगहों पर कोहरा छाए रहने की संभावना है।
कुछ इलाकों में घने कोहरे की स्थिति बन सकती है। हवाएं दस किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है। तापमान में और गिरावट का अनुमान है।
उत्तर प्रदेश और बिहार में चेतावनी
उत्तर प्रदेश में सुबह और रात के समय कई जगहों पर कोहरा छाए रह सकता है। मौसम विभाग के अनुसार छह से नौ जनवरी तक शीतलहर चलने की उम्मीद है। ठंड बढ़ने की संभावना से लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
बिहार में भी कड़ाके की ठंड पड़ रही है। रात और सुबह के समय बहुत घना कोहरा छाए रह सकता है। बिहार के लिए चार और पांच जनवरी को ठंडे दिन की चेतावनी जारी की गई है।
हिमाचल प्रदेश में बर्फबारी का असर
हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बारिश और बर्फबारी हुई है। इससे राज्य के कई क्षेत्रों में तापमान हिमांक बिंदु से नीचे चला गया है। ताबो में सबसे कम न्यूनतम तापमान शून्य से छह दशमलव आठ डिग्री नीचे दर्ज किया गया।
कुल्लू मनाली में मौसम साफ होने के बाद सड़कों पर काली बर्फ जम गई है। प्रशासन ने रोहतांग पास को वाहनों के लिए बंद कर दिया है। फिसलन भरी सड़कों के कारण वाहनों को गुलाबा में रोका जा रहा है।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान
मौसम केंद्र शिमला के वैज्ञानिक संदीप शर्मा के अनुसार आठ जनवरी तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहेगा। हालांकि छह जनवरी को ऊंचे पहाड़ी इलाकों में हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है। यह स्थिति एक या दो जगहों पर देखी जा सकती है।
उत्तर भारत के अन्य राज्यों में भी मौसमी स्थितियां कठिन बनी हुई हैं। लोगों को ठंड से बचाव के उपाय करने चाहिए। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से बचने के लिए सावधानी जरूरी है।
यातायात पर प्रभाव
घने कोहरे के कारण सड़क और वायु यातायात प्रभावित हो रहा है। कई ट्रेनें और उड़ानें देरी से चल रही हैं। सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी ने कई मार्गों को बंद कर दिया है। स्थानीय प्रशासन ने यात्रियों के लिए सलाह जारी की है। आवश्यकता पड़ने पर ही यात्रा करने की सिफारिश की गई है।
स्वास्थ्य संबंधी सलाह
चिकित्सा विशेषज्ञों ने ठंड के मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दी है। विशेष रूप से बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखना जरूरी है। गर्म कपड़े पहनने और शरीर को ढककर रखने की सलाह दी जाती है।
ठंडे पानी के सेवन से बचना चाहिए। गर्म पेय पदार्थों का सेवन फायदेमंद रहता है। सर्दी जुकाम के लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए।
कृषि पर प्रभाव
कड़ाके की ठंड और कोहरे का असर कृषि पर भी पड़ रहा है। कुछ फसलों को नुकसान होने की आशंका है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय करें।
बागवानी फसलों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। तापमान में अचानक गिरावट से पौधों को नुकसान पहुंच सकता है। कृषि विशेषज्ञों ने सिफारिशें जारी की हैं।
मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार यह स्थिति अगले सप्ताह तक जारी रह सकती है। लोगों को नवीनतम मौसम अपडेट पर नजर रखनी चाहिए। स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पालन करना चाहिए।
