अपने देश ने अपना गांव और घर छोड़ने पर मजबूर हुए भारत के नागरिक; लव जिहाद

वाराणसी की रहने वाली एक हिंदू युवती चार साल से मुस्लिम युवक मोहम्मद इकबाल से प्यार कर रही है। चार वर्षों से वह अपने परिवार को मनाने के प्रयास में थी ताकि वे इकबाल को अपना लें। यूपी में नए धर्मांतरण विरोधी कानून के आने के बाद यह कपल बुरी तरह से डरा हुआ है। उन्हें डर है कि कहीं उनके माता-पिता इस नए कानून के तहत केस दर्ज न करा दें, इसलिए वह प्रदेश छोड़कर चले गए हैं। यह सिर्फ एक कपल नहीं बल्कि के कई ऐसे कपल हैं जो इस राज्य को छोड़कर कहीं और चले गए हैं।

प्रशासनिक सेवा की तैयारी कर रही 26 वर्षीय युवती स्मृति ने कहा, ‘जब मेरे माता-पिता को इकबाल के बारे में पता चला तो मैं बहुत डर गई। उन्होंने मुझे कमरे में बंद कर लिया। घर के हर एक जगह पर सीसीटीवी कैमरे लगवा दिए गए ताकि मेरे ऊपर नजर रखी जा सके।’

फरवरी में होना है शादी का पंजीकरण
स्मृति ने बताया कि मौका देखकर वह इकबाल के साथ भागकर दिल्ली आ गई। उन लोगों ने यहां एक किराए का घर लिया है। अब विशेष विवाह अधिनियम के तहत अपने शादी करने के लिए पंजीकरण कराया। उन्हें शादी की तारीफ फरवरी महीने की मिली है।

कोर्ट बाहर चाह रहे सुरक्षा
इसी तरह मोहम्मद साहब (24) और अनामिका (23) चार साल पहले कॉलेज में मिले थे। दोनों यूपी के एक छोटे से गांव के रहने वाले हैं। दोनों शादी करना चाहते हैं लेकिन घरवाले राजी नहीं है। दोनों चाहते हैं कि उन्हें कोर्ट के बाहर सुरक्षा दी जाए ताकि शादी कर सकें।

दिल्ली में रह रहे ज्यादातर कपल
शाहजहांपुर के रहने वाले कपल सिमरन और मोहम्मद शमीम ने कहा कि वे लोग घर छोड़कर भाग गए। राज्य के बाहर होने के बाद भी जब उनके माता-पिता को उनके ठिकाने का पता चल गया तो उन लोगों ने अपना सिम बदल लिया। शमीम ने बताया कि उसे धमकियां मिल रही हैं। दोनों दिल्ली में रह रहे हैं।

दिल्ली की एनजीओ धनक के आशिक इकबाल ऐसे अंतर धार्मिक विवाह करने वाले जोड़ों की मदद करते हैं, उन्होंने कहा कि बहुत सारे कपल इस नए कानून से डरे हुए हैं।

Please Share this news:
error: Content is protected !!