New Delhi News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को भारत मंडपम में देश की युवा शक्ति को नया मंत्र दिया। पीएम मोदी ने ‘विकसित भारत युवा नेतृत्व संवाद-2026’ में जेन Z (Gen Z) की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि भारत के युवा गजब की रचनात्मकता और ऊर्जा से भरे हुए हैं। पीएम मोदी ने युवाओं से सीधा संवाद करते हुए गेमिंग और स्टार्टअप्स पर बड़ी बात कही। इस दौरान उन्होंने इशारों-इशारों में पिछली सरकारों को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि आज के युवाओं ने वह दौर नहीं देखा जब सरकारें फैसले लेने से डरती थीं।
पिछली सरकारों पर पीएम मोदी का तीखा प्रहार
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में पूर्ववर्ती सरकारों की कार्यशैली पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने युवाओं को याद दिलाया कि 2014 से पहले देश के हालात कैसे थे। पीएम ने कहा कि तब आप लोग बहुत छोटे रहे होंगे। उस समय देश ‘पॉलिसी पैरालिसिस’ (नीतिगत पंगुता) से जूझ रहा था।
उन्होंने कहा कि उस दौर में सरकारों की आलोचना इसलिए होती थी क्योंकि वे समय पर फैसले नहीं लेती थीं। अगर कोई फैसला होता भी था, तो वह जमीन पर लागू नहीं हो पाता था। देश का युवा उस समय निराश और परेशान था। पीएम मोदी ने कहा कि आज स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। अब सरकार फैसले भी लेती है और उन्हें लागू भी करती है।
गेमिंग और पौराणिक कथाओं पर बड़ा विजन
डिजिटल इंडिया की सफलता पर बात करते हुए पीएम मोदी ने एक नया आइडिया दिया। उन्होंने कहा कि आज भारत में कंटेंट क्रिएटर्स की एक नई दुनिया बन गई है। इसे ‘ऑरेंज इकोनॉमी’ यानी कल्चर और क्रिएटिविटी की अर्थव्यवस्था कहा जा सकता है।
पीएम ने गेमिंग इंडस्ट्री में भारतीय कहानियों को लाने की अपील की। उन्होंने कहा कि हमारे पास रामायण और महाभारत जैसी महान कहानियां हैं। क्या हम इन्हें गेमिंग की दुनिया में नहीं ले जा सकते? पूरी दुनिया में गेमिंग का बाजार बहुत विशाल है। भारतीय युवा अपनी पौराणिक कथाओं पर आधारित नए गेम्स बनाकर दुनिया में छा सकते हैं।
स्वामी विवेकानंद और 2047 का लक्ष्य
आज 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती भी है। पीएम मोदी ने कहा कि स्वामी जी के विचार आज भी हर युवा के लिए प्रेरणा हैं। उन्होंने युवाओं को ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना के साथ जीने का मंत्र दिया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि साल 2047 में देश की आजादी के 100 साल पूरे होंगे। यह यात्रा भारत के लिए जितनी अहम है, उतनी ही आपके लिए भी है। आपका सामर्थ्य ही भारत की असली ताकत बनेगा। आपकी सफलता ही भारत को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगी। पीएम ने कहा कि मुझे युवा पीढ़ी की ऊर्जा और प्रतिभा पर पूरा भरोसा है।
50 लाख से ज्यादा युवाओं की भागीदारी
‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2026’ एक बहुत बड़ा मंच साबित हुआ है। इसका मकसद युवाओं और राष्ट्रीय नेतृत्व के बीच बातचीत को बढ़ावा देना था। 9 से 12 जनवरी तक चले इस कार्यक्रम में देशभर से 50 लाख से ज्यादा युवाओं ने हिस्सा लिया।
इसमें शामिल होने वाले युवाओं का चयन आसान नहीं था। इसके लिए तीन चरणों की एक सख्त प्रक्रिया अपनाई गई थी। इसमें डिजिटल क्विज, निबंध प्रतियोगिता और विज़न प्रेजेंटेशन शामिल थे। पीएम मोदी ने कहा कि युवाओं की यह भागीदारी बताती है कि भारत की ‘अमृत पीढ़ी’ विकसित भारत के संकल्प के लिए तैयार है।
