Himachal News: हिमाचल प्रदेश के कॉलेज प्रवक्ताओं को अनुबंध सेवा अवधि में पुरानी पेंशन योजना (OPS) का लाभ नहीं मिलेगा। सोमवार को उच्चतर शिक्षा निदेशक डा. अमरजीत शर्मा ने अधिसूचना जारी की। सरकारी कर्मचारी भर्ती अधिनियम 2024 के तहत, नियमितीकरण की तिथि से ही OPS लागू होगी। अनुबंध अवधि को पेंशन गणना में शामिल नहीं किया जाएगा। इससे पहले के सभी प्रावधान निरस्त कर दिए गए हैं। कॉलेजों को पात्र कर्मचारियों की सूची बनाने को कहा गया है।
नए नियमों का प्रभाव
20 फरवरी 2025 से लागू सरकारी कर्मचारी भर्ती अधिनियम की धारा 6(2) के अनुसार, केवल नियमितीकरण के बाद ही सेवा लाभ मिलेंगे। उच्चतर शिक्षा निदेशालय ने स्पष्ट किया कि अनुबंध सेवा अवधि को OPS के लिए मान्य नहीं माना जाएगा। पहले के कार्यालय आदेश, जो अनुबंध अवधि को शामिल करने की अनुमति देते थे, अब रद्द हो चुके हैं। कॉलेज प्रवक्ताओं को नियमित होने की तारीख से ही पेंशन लाभ मिलेगा।
पहले था विकल्प
राज्य सरकार ने पहले कर्मचारियों को OPS या NPS चुनने का विकल्प दिया था। मई 2023 और जून 2024 के आदेशों के तहत कई प्रवक्ताओं ने अनुबंध अवधि को OPS में शामिल करने का विकल्प चुना था। इससे उनकी पेंशन गणना में अनुबंध अवधि जोड़ी जा रही थी। अब नई अधिसूचना ने इस प्रावधान को खत्म कर दिया है। केवल नियमित सेवा अवधि ही पेंशन लाभ के लिए मान्य होगी।
निदेशक का निर्देश
उच्चतर शिक्षा निदेशक डा. अमरजीत शर्मा ने कॉलेज प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि वे OPS के लिए पात्र कर्मचारियों की सूची तैयार करें। नियमितीकरण की तारीख के आधार पर ही लाभ दिया जाएगा। अनुबंध सेवा को लाभ के लिए अमान्य करार दिया गया है। निदेशक ने कहा कि यह बदलाव प्रशासनिक सुधार के लिए जरूरी है। कॉलेजों को जल्द सूची सौंपने को कहा गया है ताकि प्रक्रिया सुचारू हो सके।
शिक्षकों की प्रतिक्रिया
कई शिक्षक संगठनों ने नए नियमों पर मिश्रित प्रतिक्रिया दी है। कुछ ने इसे प्रशासनिक सुधार बताया, जबकि अन्य ने अनुबंध अवधि को शामिल न करने पर चिंता जताई। पहले चुने गए विकल्पों को रद्द करने से कुछ प्रवक्ता निराश हैं। हालांकि, निदेशक ने आश्वासन दिया कि नियमित कर्मचारियों के लाभों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। सरकार शिक्षा क्षेत्र में पारदर्शिता और बेहतर व्यवस्था के लिए काम कर रही है।

