Himachal News: हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के पालमपुर में चिंता की लहर दौड़ गई है। यहाँ के 26 वर्षीय मर्चेंट नेवी अधिकारी रिक्षित चौहान को अमेरिकी सेना ने हिरासत में ले लिया है। रिक्षित एक रूसी तेल टैंकर पर तैनात थे, जिसे उत्तरी अटलांटिक महासागर में जब्त किया गया है। परिवार के लिए यह खबर किसी सदमे से कम नहीं है, क्योंकि रिक्षित की अगले महीने शादी होने वाली है। पीड़ित परिवार ने अब प्रधानमंत्री से बेटे की सुरक्षित वापसी की गुहार लगाई है।
शादी की खुशियों पर छाया संकट
रिक्षित चौहान अपनी शादी के लिए घर लौटने की तैयारी में थे। उनकी शादी 19 फरवरी को तय हो चुकी है। घर में जश्न का माहौल था, लेकिन अचानक आई इस खबर ने सब कुछ बदल दिया। रिक्षित जिस जहाज पर तैनात थे, उसे अमेरिकी सेना ने जब्त कर लिया है। इस जहाज का नाम ‘Marinera’ है। रिक्षित की मां रीता देवी ने भावुक होकर पीएम मोदी और विदेश मंत्री से मदद मांगी है। उन्होंने कहा कि उनके बेटे और जहाज पर मौजूद अन्य भारतीयों को सुरक्षित वापस लाया जाए।
आखिरी कॉल और अमेरिका की कार्रवाई
रिक्षित के पिता रंजीत सिंह ने बताया कि बेटे से आखिरी बार 7 जनवरी को बात हुई थी। इसके कुछ ही घंटों बाद जहाज को पकड़ लिया गया। रिक्षित ने 1 अगस्त 2025 को ही मर्चेंट नेवी जॉइन की थी। यह उनका पहला समुद्री असाइनमेंट था। रूसी कंपनी ने इस जहाज को तेल लाने के लिए वेनेजुएला भेजा था। अमेरिका की वेनेजुएला के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के चलते कंपनी ने जहाज वापस बुला लिया था। सीमा पर 10 दिन इंतजार के बाद जब जहाज लौट रहा था, तभी अमेरिकी नौसेना ने कार्रवाई की।
भारत सरकार रख रही नजर
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा है कि भारत सरकार इस घटना पर पूरी नजर बनाए हुए है। अधिकारियों द्वारा जहाज पर मौजूद भारतीय नागरिकों की जानकारी जुटाई जा रही है। जब जहाज को जब्त किया गया, तब उस पर कुल 28 क्रू मेंबर थे। इसमें रिक्षित के अलावा गोवा और केरल के दो अन्य भारतीय भी शामिल हैं। क्रू में 20 यूक्रेनी और छह जॉर्जियाई नागरिक भी हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, दो रूसी नागरिकों को रिहा कर दिया गया है, लेकिन भारतीय क्रू अभी भी हिरासत में है। स्थानीय विधायक ने भी परिवार को मुख्यमंत्री से बात करने का भरोसा दिलाया है।
