Political News: भाजपा ने केरल में चुनावी सफलता को लेकर कांग्रेस के दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया है। कांग्रेस नेता के सी वेणुगोपाल ने कहा था कि केरल जीतना भाजपा के लिए एक सपना है जो पूरा नहीं होगा। इस पर भाजपा नेता प्रकाश रेड्डी ने मंगलवार को पलटवार किया। उन्होंने राज्य में आने वाले विधानसभा चुनावों में मजबूत प्रदर्शन का भरोसा जताया।
रेड्डी ने पश्चिम बंगाल के राजनीतिक परिवर्तन का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि वहां कांग्रेस और वाम दलों का दबदबा था लेकिन अंत में उन्हें हार मिली। भाजपा नेता ने केरल में हाल के नगर निकाय चुनाव में पार्टी की जीत का हवाला दिया। उन्होंने दावा किया कि पार्टी आगामी चुनावों में अच्छे नतीजे देगी।
पश्चिम बंगाल के उदाहरण से तुलना
प्रकाश रेड्डीने कांग्रेस के दावे का जवाब देते हुए ऐतिहासिक तुलना की। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में कांग्रेस ने पचास साल तक शासन किया। वामदलों ने भी चार दशकों तक राज किया। लेकिन समय के साथ उनकी पकड़ खत्म हो गई। रेड्डी का इशारा बंगाल में भाजपा के बढ़ते प्रभाव की ओर था।
उन्होंने स्पष्ट किया कि राजनीतिक परिदृश्य बदलता रहता है। कोई भी पार्टी स्थायी रूप से सत्ता में नहीं रह सकती। केरल में भी जनता के रुझान में बदलाव आ सकता है। भाजपा इस बदलाव के लिए तैयार है और मैदान में मजबूती से उतरी है। पार्टी की रणनीति राज्य के मतदाताओं को आकर्षित करने की है।
हालिया नगर निकाय चुनाव में सफलता
भाजपानेता ने केरल में पार्टी की हालिया उपलब्धि का जिक्र किया। पिछले महीने भाजपा गठबंधन ने तिरुवनंतपुरम नगर निगम पर कब्जा किया। इस जीत ने वामदल के चार दशक के शासन को समाप्त कर दिया। रेड्डी ने कहा कि किसी ने इस जीत की उम्मीद नहीं की थी।
उन्होंने दावा किया कि पार्टी ने सभी की उम्मीदों को गलत साबित कर दिया। यह जीत भाजपा के लिए एक मील का पत्थर साबित हुई है। इससे कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ा है। आम चुनावों में भी पार्टी इसी तरह का प्रदर्शन करना चाहती है। राज्य की जनता ने भाजपा को एक विकल्प के रूप में देखना शुरू कर दिया है।
कांग्रेस और वामदल के गठबंधन की संभावना
प्रकाश रेड्डीने एक दिलचस्प बात भी कही। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में कांग्रेस और सीपीआईएम केरल में एक साथ आ सकते हैं। यह गठबंधन भाजपा को हराने के लिए बन सकता है। दोनों पार्टियां अपने राजनीतिक हितों के लिए एकजुट हो सकती हैं।
उन्होंने इसे राजनीतिक अवसरवाद बताया। रेड्डी का मानना है कि ऐसा गठबंधन जनता को रास नहीं आएगा। केरल के मतदाता राजनीतिक सिद्धांतों को समझते हैं। वे महज सत्ता के लिए बनने वाले गठजोड़ का समर्थन नहीं करेंगे। भाजपा को इससे कोई खतरा नहीं है।
2026 विधानसभा चुनावों की तैयारी
केरल मेंअप्रैल 2026 में विधानसभा चुनाव होने की उम्मीद है। राज्य की 140 सीटों के लिए मुकाबला होगा। भाजपा ने इन चुनावों की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी जमीनी स्तर पर संगठन को मजबूत कर रही है। नए मतदाताओं तक पहुंच बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
प्रकाश रेड्डी ने पार्टी की संभावनाओं पर भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि भाजपा को केरल में अच्छे नतीजे मिलेंगे। पार्टी की रणनीति स्थानीय मुद्दों पर केंद्रित है। विकास और रोजगार जैसे विषयों को प्रमुखता दी जाएगी। भाजपा राज्य की जनता के बीच अपनी छवि बनाने में लगी हुई है।
