आप अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल के स्टेटस पर क्या लिख रहे हैं, किस मकसद से लिख रहे हैं और क्या शेयर कर रहे हैं, इस पर आपके माता-पिता की नजर भले न हो पर सरकार की दिलचस्पी इसमें तेजी से बढ़ रही है। यह बात भावनाएं परोसने में अव्वल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक के अकाउंट्स के बारे में जानकारी हासिल करने, शेयर कन्टेंट को ब्लॉक करने या सुरक्षित रखने के लिए सरकार से मिले अनुरोध के आंकड़ों से यह बात जाहिर हुई है।

इन अकाउंट्स के बारे में पूछताछ के आंकड़ों को देखें, तो सरकार की ओर से 2013 में 4,144 अनुरोध फेसबुक को मिले थे। वहीं, 2015 में कन्टेंट पर बंदिश का आंकड़ा 15 हजार के पार पहुंच गया। पांच साल में सिलसिला बढ़ता रहा और 2020 में सरकार की ओर से 57 हजार से ज्यादा काउंट्स की जानकारी लेने के अनुरोध मिले।

जबकि इससे एक साल पहले यह आंकड़ा 33 हजार ही था। वर्चुअल संसार में फैलाई जा रही नफरत, खतरनाक कन्टेंट, फेक न्यूज, चाइल्ड पोर्न के बढ़ते मामले को देखते हुए इस निगरानी का कारण भी समझ आता है।

एक साल में 17 हजार URL-कंटेंट ब्लॉक
इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी मंत्रालय के मुताबिक, पिछले साल 17 हजार से ज्यादा URL, अकाउंट या वेबपेज ब्लॉक किए गए। इनमें आधे से ज्यादा 2020 में ही ब्लॉक हुए। जबकि 2017 में आंकड़ा 1,385 था। चार साल में ब्लॉक करने का सिलसिला सात गुना बढ़ गया।

एक साल में 5 गुना बढ़ा खतरनाक कंटेंट
फेसबुक की इंटरनल रिपोर्ट के मुताबिक, 2019 की आखिरी तिमाही में खतरनाक कंटेंट वाली 16 लाख पोस्ट की पहचान की गई थी। वहीं, 2020 की आखिरी तिमाही में यह संख्या 86 लाख पहुंच गई। यानी एक साल के भीतर 5 गुना से अधिक वृद्धि हुई। इसी तरह 2019 की आखिरी तिमाही में हेट स्पीच के 55 लाख पोस्ट निकले थे। वहीं, 2020 की पहली तिमाही में यह संख्या लगभग दोगुनी बढ़कर 95 लाख तक पहुंच गई।

देश की सुरक्षा जैसे कारणों से लगी बंदिश
सरकार यह कार्रवाई आईटी एक्ट 2000 की धारा 69-ए के तहत कर रही है। इसके पीछे देश की सार्वभौमिकता एवं अखंडता बरकरार रखना, सुरक्षा, दूसरे देशों से दोस्ताना संबंध कायम रखना, कानून-व्यवस्था बनाए रखना और भड़काऊ कंटेंट रोकना कारण बताया गया है। 2019 के बाद ऐसे कंटेंट ब्लॉक करने की गति तीन गुना बढ़ी है जबकि मोदी-1.0 के आखिरी दो साल में रफ्तार दोगुनी से कम थी।

दुनिया में सबसे ज्यादा फेसबुक यूजर भारत में
भारत में 32 करोड़ से ज्यादा फेसबुक यूजर्स हैं। यह दुनिया में सबसे ज्यादा है। अमेरिका में 19 करोड़ और इंडोनेशिया में 14 करोड़ फेसबुक यूजर हैं।

इंटरनेट पर रोक में भी भारत सबसे आगे
व्यक्तिगत आजादी पर अंकुश के लिए इंटरनेट बैन करना शासन के पास बड़ा हथियार है। इस मामले में भी भारत दुनिया के बाकी देशों से काफी आगे है। फेसबुक की रिपोर्ट के मुताबिक, 2020 के पहले 6 माह में दुनिया में इंटरनेट बंदी के 53 मामले हुए, इनमें 44 भारत के थे। इंटरनेट प्रतिबंध के मामले में भारत का हिस्सा 83% रहा। 2017 में 47 में से 25 मामले दूसरे देशों के थे।

By RIGHT NEWS INDIA

RIGHT NEWS INDIA We are the fastest growing News Network in all over Himachal Pradesh and some other states. You can mail us your News, Articles and Write-up at: News@RightNewsIndia.com

error: Content is protected !!