Himachal News: Himachal Pradesh प्राकृतिक खेती के क्षेत्र में देश को नई राह दिखा रहा है. यह सरकारी स्तर पर नेचुरल बीज तैयार करने वाला भारत का पहला राज्य बनने जा रहा है. आगामी रबी सीजन से किसानों को कृषि विभाग के विक्रय केंद्रों पर ये खास बीज मिलने लगेंगे. कृषि विभाग खुद इन बीजों को वैज्ञानिक तरीके से तैयार कर रहा है. इस पहल से Himachal Pradesh में रसायन मुक्त खेती को बड़ी मजबूती मिलेगी.
12 सरकारी फार्मों पर शुरू हुआ काम
कृषि विभाग ने बीज उत्पादन के लिए कमर कस ली है. प्रदेश भर में विभाग के कुल 35 फार्म मौजूद हैं. इनमें से 12 फार्मों पर नेचुरल तकनीक से गेहूं का बीज तैयार करने का काम शुरू हो गया है. यह बीज गौ मूत्र और प्राकृतिक जड़ी-बूटियों के घोल से तैयार किया जाएगा. Himachal Pradesh सरकार का लक्ष्य किसानों को शुद्ध और रसायन मुक्त बीज उपलब्ध कराना है.
बीज की कमी होगी दूर
कृषि मंत्री चंद्र कुमार के अनुसार अभी तक नेचुरल खेती में बीज की उपलब्धता सबसे बड़ी चुनौती थी. अब सरकार खुद इस समस्या का समाधान करेगी. भविष्य में कृषि विभाग ही किसानों को बीज की पूरी आपूर्ति करेगा. इससे किसानों को निजी कंपनियों या बाहरी राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा. Himachal Pradesh सरकार की यह योजना किसानों को आत्मनिर्भर बनाएगी.
किसानों को मिल रहा सबसे ज्यादा एमएसपी
Himachal Pradesh प्राकृतिक उत्पादों पर देश में सबसे ज्यादा न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) देने वाला राज्य है. यहाँ करीब तीन लाख किसान प्राकृतिक खेती से जुड़ चुके हैं. सरकार उनके उत्पादों को खरीदकर आटा और दलिया जैसे प्रोडक्ट बाजार में बेच रही है. आने वाले समय में सरकार किसानों से बीज के लिए फसल खरीदेगी. इसे प्रमाणित बीज बनाकर अन्य राज्यों के किसानों को भी भेजा जाएगा.
