Himachal News: हिमाचल प्रदेश में सरकारी कर्मचारियों के लिए बहुत अच्छी खबर है। हाई कोर्ट ने एचआरटीसी (HRTC) के परिचालकों को बड़ी राहत दी है। अब 20 साल की नौकरी पूरी करने वाले कर्मचारियों को दो अतिरिक्त वेतन वृद्धि (इंक्रीमेंट) का लाभ मिलेगा। अदालत ने निगम को छह महीने के भीतर यह प्रक्रिया पूरी करने का सख्त आदेश दिया है। यह फैसला पूरे Himachal News में चर्चा का विषय बना हुआ है। न्यायमूर्ति ज्योत्सना रिवाल दुआ की पीठ ने यह महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया।
निगम का पुराना आदेश हुआ रद्द
याचिकाकर्ता रजनीश कुमार ने कोर्ट में अपनी शिकायत रखी थी। उन्होंने बताया कि 20 साल की नियमित सेवा के बाद भी उन्हें फायदा नहीं मिला। निगम ने उनकी मांग को नियमों के खिलाफ बताकर खारिज कर दिया था। अब हाई कोर्ट ने निगम के 8 मई 2023 के उस आदेश को रद्द कर दिया है। कोर्ट ने इसे मनमाना बताया है। Himachal News पर नजर रखने वालों के लिए यह एक बड़ा अपडेट है।
सैकड़ों कर्मचारियों को मिलेगा फायदा
सुनवाई के दौरान निगम के वकील ने कोर्ट को नई जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 20 दिसंबर 2025 को नए निर्देश जारी किए गए हैं। इसमें 20 साल की सेवा वाले परिचालकों की शिकायतों का समाधान कर दिया गया है। गौरतलब है कि ऐसे ही कई मामले कोर्ट में लंबित हैं। इस फैसले से हजारों कर्मचारियों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है।
वर्कचार्ज कर्मचारियों को भी मिली राहत
हाई कोर्ट ने एक और मामले में बड़ा आदेश दिया है। कोर्ट ने वर्कचार्ज कर्मचारियों के नोशनल इंक्रीमेंट रोकने पर सरकार को पुनर्विचार करने को कहा है। यह आदेश न्यायमूर्ति संदीप शर्मा ने दिया। सरकार ने एक आदेश के जरिए पहले दी गई इंक्रीमेंट की सुविधा वापस ले ली थी। याचिकाकर्ता ने इसे कोर्ट में चुनौती दी थी। यह फैसला Himachal News के लिए काफी अहम है।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले का दिया हवाला
याचिकाकर्ता ने कोर्ट में सूरजमणि केस का हवाला दिया। उन्होंने कहा कि बिना किसी ठोस कारण के उनका लाभ छीन लिया गया। अदालत ने जयंती राठौर केस का भी जिक्र किया। कोर्ट ने साफ कहा कि आठ साल की सेवा के बाद वर्कचार्ज स्टेटस देना जरूरी है। स्टेटस मिलने की तारीख से नियमित होने तक नोशनल लाभ और वार्षिक इंक्रीमेंट मिलेंगे। हालांकि, पिछली अवधि का नकद एरियर नहीं दिया जाएगा।
