हिमाचल पुलिस की ज्यादतियों से तंग आकर दलित परिवार ने किया पलायन, पुलिस ने साधी चुपी

गुरु गोविंद सिंह की पुण्यधरा पर दो वक्त की रोटी कमाने के लिए पहुंचा दलित परिवार पलायन कर गया है पांवटा पुलिस द्वारा थाने में ले जाकर महिला की बेरहमी से पिटाई की गई जिसके बाद पूरा परिवार सदमे में था।

सिरमौर। हिमाचल प्रदेश की पांवटा पुलिस पर बेहद गंभीर आरोप सामने आए थे एक दंपत्ति सुरेंद्र और पूजा की पुलिस थाने में पिटाई की गई बिना किसी जांच उन्हें अपराधी घोषित कर दिया गया जिसके बाद अब यह परिवार यहां से पलायन कर गया है।

मामला रविवार का है जब सफाई कर्मी पूजा को सड़क किनारे एक बैग मिला यह बैग पूजा ने कृपाल शिला गुरुद्वारे में काम करने वाले एक व्यक्ति को थमा दिया सीसीटीवी के एक हिस्से में पूजा बैग उठाती हुई दिखाई दी रही है जिसको देख कर बैग के ओनर सहित कई लोग हथियारों के साथ इस दंपति के घर पर हमला करने पहुंचे महिलाओं सहित सबकी पिटाई करनी शुरू कर दी। इस दौरान पीड़ित दंपत्ति परिवार के सदस्य ने पुलिस को फोन किया, पुलिस मौके पर पहुंची और सुरेंद्र पूजा और विजय को अपने साथ थाने ले गई जहां पर इनके साथ पुलिस ने थर्ड डिग्री इस्तेमाल किया । महिला पूजा के साथ भी पुलिस थाने में मारपीट हुई वाक्य बुधवार रात 11:00 बजे का बताया जा रहा है।

कानून के मुताबिक शाम के बाद किसी भी महिला को गिरफ्तार नहीं किया जा सकता जब तक कि बेहद संगीन अपराध महिला द्वारा ना किया गया हो लेकिन यहां सभी नियम कानून दरकिनार कर पुलिस के कुछ लोगों ने पूरी कानून व्यवस्था को मजाक बना दिया बिना महिला पुलिस के पूजा को थाने लाया गया। और उसके साथ पुलिस जवान द्वारा मारपीट की गई जिसके निशान उसने मीडिया के सामने दिखाई भी हैं।

उधर उपमंडल पुलिस अधिकारी पूरे मामले पर चुप्पी साध गए हैं बल्कि एचपी सिरमौर को सिर्फ वह वीडियो भेजी जा रही है जिसमें सफाई कर्मी बैग उठाती दिखाई दे रही है वह वीडियो गायब है जिसमें सफाई कर्मी युवती गुरुद्वारा के एक व्यक्ति को बैग दे रही है । बता दें कि सड़क पर पड़ा बैक बाद में उस व्यक्ति से बरामद हुआ जिसे युवती ने बैग दिया था।

हालांकि एसपी सिरमौर उमापति जमवाल को इस पूरे मामले से अवगत करवाया गया लेकिन 24 घंटों बाद भी इस पूरे मामले में कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आई है।

वही भीम आर्मी के जिला महासचिव अमित कुमार ने कहा कि पुलिस जाद्तियों के कारण एक दलित परिवार जो दो वक्त की रोटी के लिए पांवटा नगरी पहुंचा था वह पलायन कर गया है उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले को लेकर एससी-एसटी राष्ट्रीय आयोग और मुख्यमंत्री सहित डीजीपी को शिकायत की जाएगी पुलिसकर्मियों सहित उन लोगों पर भी ठोस कार्रवाई की मांग की जाएगी जिन्होंने दलित परिवार के घर में घुसकर हथियारों से उनकी महिलाओं और बच्चों तक को पीटा है।

error: Content is protected !!