शिमला; चुनावों की घोषणा के कारण लटके करोड़ों के विकास कार्य, पार्षद चिंतित

उपचुनावों की घोषणा के बाद लगी चुनाव आचार संहिता के कारण अगले एक महीने के लिए हिमाचल प्रदेश के शिमला शहर में नए विकास कार्य लटक गए हैं। जब तक आचार संहिता नहीं हटती शहर में नए निर्माण कार्य के लिए कोई टेंडर नहीं होगा।

आचार संहिता का हवाला देते हुए मंगलवार को नगर निगम का मासिक सदन भी स्थगित कर दिया गया। नगर निगम की वित्त संविदा एवं योजना समिति की बैठक में लिए गए फैसले भी आचार संहिता के चलते खटाई में पड़ गए हैं। एफसीपीसी की बैठक में निगम के 700 कर्मियों को छह फीसदी महंगाई भत्ते की अदायगी का फैसला लिया गया था। इस फैसले पर सदन की बैठक में मंजूरी की मुहर लगनी थी, सदन स्थगित होने के बाद अब महंगाई भत्ता जारी करने पर भी संशय पैदा हो गया है।

महंगाई भत्ता मिलने से निगम कर्मियों के वेतन में डेढ़ से ढाई हजार प्रतिमाह का इजाफा होना था। एक जुलाई से महंगाई भत्ता दिया जाना था। अक्तूबर माह के वेतन के साथ जुलाई और अगस्त माह का एरियर देने की भी तैयारी थी। इससे नगर निगम के खजाने पर करीब 63 लाख रुपये का आर्थिक बोझ पड़ना था। जीएफसी की बैठक में नगर निगम ने तीन साल का कार्यकाल पूरे करने वाले छह कर्मियों को नियमित करने का भी फैसला लिया गया था। हालांकि चुनाव आयोग से विशेष परिस्थितियों का हवाला देकर नगर निगम अपने कर्मियों को महंगाई भत्ता जारी कर सकता है।

नई पार्किंग और एंबुलेंस रोड का काम लटका
नगर निगम ने वित्त संविदा एवं योजना समिति की बैठक में करीब तीन करोड़ के निर्माण कार्यों को मंजूरी दी थी। अपर ढली और इंजनघर में नई पार्किंग बनाने का निर्णय लिया था। मज्याठ वार्ड में रेलवे लाइन के ऊपर ब्रिज लगाकर रिहायशी इलाके के लिए एंबुलेंस रोड की सुविधा देने का भी फैसला किया था। इस काम पर करीब 1.47 करोड़ रुपये खर्च होने थे। वार्ड नंबर 20 इंद्रनगर ढली में 20 लाख की लागत से स्टील पार्किंग और बेक्टा निवास के पास 37.52 रुपये से एक अन्य पार्किंग बनाने का निर्णय हुआ था। इसके अलावा इंजनघर वार्ड के शांति विहार में 25 लाख की लागत से पार्किंग 17.88 लाख रुपये से पार्क और शौचालय बनाने को मंजूरी दी गई थी। खलीनी वार्ड में शर्मा निवास से पंकज निवास तक 15.74 लाख रुपये की लागत से पक्का रास्ता बनाने का भी फैसला हुआ था। इसके अतिरिक्त शहर की पार्किंगों पर मोबाइल टावर लगाने, विकासनगर में नाला पक्का करने, टूटु में नालागढ़ रोड से बीपीएल कालौनी तक नाला पक्का करने, ढली प्राइमरी स्कूल को जमीन देने और लक्कड़ बाजार में दुकानों को वारिसों के नाम करने का निर्णय हुआ था। आचार संहिता के चलते यह सभी काम फिलहाल एक महीने के लिए लटक गए हैं।

चुनाव आयोग से मांगेंगे हाउस की अनुमति : कोहली
निगम आयुक्त आशीष कोहली ने बताया कि आचार संहिता लगने के चलते नगर निगम का मासिक सदन स्थगित किया गया है। चुनाव आयोग से सदन की बैठक आयोजित करने की अनुमति मांगी जाएगी। निगम कर्मियों को महंगाई भत्ते की अदायगी का प्रयास किया जाएगा। एफसीपीसी की बैठक में लिए गए फैसले अगले एक महीने तक क्रियान्वित नहीं हो पाएंगे। कोई भी नए टेंडर नहीं लगेंगे।

बैठक टलने से कुछ पार्षद चिंतित, कुछ ने मांगा चाय समोसा
निगम आयुक्त की ओर से चुनाव आचार संहिता के चलते मासिक बैठक स्थगित करने की सूचना देने के बाद पूर्व मेयर कुसुम सदरेट ने चिंता जताते हुए बैठक में चर्चा करने और एजेंडा पास न करने का आग्रह किया। पार्षद विवेक शर्मा ने बरसात के कारण शहर में हुए नुकसान के कारण चुनाव आयोग से तुरंत बैठक की मंजूरी लेने का सुझाव दिया। पूर्व उप महापौर राकेश शर्मा ने मंगलवार सुबह चुनाव की घोषणा के तुरंत बाद हाउस के लिए मंजूरी न लिए जाने पर नाराजगी जताई। बैठक न होने पर बहुत से पार्षदों ने महापौर से चाय समोसा मंगवाना शुरू कर दिया।

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