New Delhi: दिल्ली-एनसीआर के लोगों को कड़ाके की ठंड से बड़ी राहत मिली है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने राजधानी में शीतलहर के आधिकारिक रूप से खत्म होने का ऐलान किया है। अब तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। हालांकि, गणतंत्र दिवस के जश्न पर पानी फिरने का खतरा मंडरा रहा है। मौसम वैज्ञानिकों ने 24 से 26 जनवरी के बीच दिल्ली में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इससे परेड और रिहर्सल में बाधा आ सकती है।
ठंड का सबसे बुरा दौर खत्म
दिल्ली में पिछले हफ्ते तापमान 4 डिग्री से भी नीचे चला गया था। लेकिन अब हालात सुधर रहे हैं। 16 जनवरी को सफदरजंग में न्यूनतम तापमान बढ़कर 4.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पीतमपुरा जैसे इलाकों में पारा 8 डिग्री तक पहुंच गया है। मौसम एजेंसी स्काईमेट के मुताबिक, ठंड का सबसे मुश्किल और जानलेवा दौर अब बीत चुका है। शहर के ज्यादातर हिस्सों में लोगों ने राहत की सांस ली है।
आज कैसा रहेगा मौसम?
उत्तर भारत के ऊपर एक पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय हो गया है। इस वजह से 18 जनवरी को आसमान में बादल छाए रहने के आसार हैं। बादलों के कारण दिन का तापमान 1-2 डिग्री गिर सकता है, लेकिन रातें गर्म होंगी। इससे ठंड की तीव्रता कम होगी। अनुमान है कि इस वीकेंड तक न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहेगा।
गणतंत्र दिवस पर बारिश का साया
मौसम विभाग के अनुसार, 26 जनवरी से पहले शीतलहर की वापसी की कोई उम्मीद नहीं है। लेकिन 22 जनवरी के बाद मौसम तेजी से करवट लेगा। एक नया पश्चिमी विक्षोभ 20 जनवरी के आसपास पहाड़ों पर दस्तक देगा। इसके असर से मैदानी इलाकों में बारिश होगी। संभावना है कि 24 से 26 जनवरी के बीच बारिश का दायरा बढ़ेगा। यह बारिश कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड और रिहर्सल में खलल डाल सकती है।
पहाड़ों पर होगी भारी बर्फबारी
पहाड़ी राज्यों में इस बार सर्दियों में अब तक सूखा पड़ा था। दिसंबर और जनवरी की शुरुआत में 95% तक कम बर्फबारी हुई। लेकिन अब यह सूखा खत्म होने वाला है। 22 जनवरी के बाद कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड में भारी बर्फबारी की भविष्यवाणी की गई है। श्रीनगर, गुलमर्ग और शिमला जैसे पर्यटन स्थल बर्फ की चादर से ढक जाएंगे। हालांकि, इससे हाईवे बंद होने और फ्लाइट्स कैंसिल होने का जोखिम भी बढ़ जाएगा।
