सैमसंग, एलजी, शाओमी मोबाइल यूजर्स के लिए बुरी खबर, हैक हो सकता है डिवाइस

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यदि आप सैमसंग, एलजी, शाओमी यूजर्स हैं तो आपके लिए अच्छी खबर नहीं है। दरअसल, इन कंपनियों के डिवाइसों के एक विश्वसनीय मैलवेयर प्रोग्राम की जानकारी लीक हो गई है, जिससे इस डिवाइसों की सिक्योरिटी कमजोर हो गई हैं। यानी इस कमजोरी का फायदा उठाकर हैकर्स नकली एप या मैलवेयर से खुद को विश्वसनीय एप के रूप में बदल सकते हैं और आपका डिवाइस हैक कर सकते हैं।

गूगल एंड्रॉयड पार्टनर वल्नरेबिलिटी इनिशिएटिव (APVI) की रिपोर्ट के अनुसार नई खामियां मैलेशियस प्रोग्राम को प्रभावित डिवाइस के सिस्टम के साथ छेड़छाड़ करने की परमिशन दे सकती हैं। जानकारी के मुताबिक एंड्रॉइड ओईएम द्वारा उपयोग की जाने वाली साइनिंग की (Signing key) कंपनियों के बाहर लीक हो गई हैं। इसी Key की मदद से ऑपरेटिंग सिस्टम पर साइन-इन किया जाता है।

यह है खतरे की असली वजहइसे आसान भाषा में समझे तो स्मार्टफोन कंपनियां डिवाइस में साइन करने के लिए एक Key सुनिश्चित करती है, जो एंड्रॉयड के लिए लीगल है और इसे एंड्रॉयड ओईएम द्वारा बनाया जाता है। इस एक ही Key की मदद से अलग-अलग एप में साइन-इन किया जा सकता है। चूंकि अब यह Key स्कैमर्स और हैकर्स के लिए उपलब्ध है, इसी कमजोरी का फायदा हैकर्स उठा सकते हैं और यूजर्स के डाटा तक पहुंच बना सकते हैं। ऐसे में सैमसंग, एलजी और शाओमी यूजर्स के लिए खतरा बढ़ गया है।

इन कंपनियों की Key हुई लीकहालांकि, APVI ने अपनी रिपोर्ट में कंपनियों की लिस्ट नहीं बताई है, लेकिन दावा किया जा रहा है कि सैमसंग, एलजी और शाओमी के साथ मिडियाटेक Revoview और szroco जैसी कंपनियों की Key लीक हुई है।

बचाव के लिए ये तरीके अपनाएं गूगल के अनुसार यह समस्या इस साल मई में सामने आई थी, जिसके बाद सैमसंग सहित कई कंपनियों ने इसके खतरो को नियंत्रित करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। बचाव के लिए यूजर्स को अपने फोन को लेटेस्ट सॉफ्टवेयर और एप से अपडेट करने की जरूरत है। साथ ही किसी भी थर्ट पार्टी एप की मदद से एप को डाउनलोड और इंस्टॉल करने से बचें।

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