Hamirpur: व्यक्ति की गलत दांत निकालने से इलाज के दौरान मौत, बेटे ने दर्ज करवाई शिकायत

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हमीरपुर: दांत के उपचार में लापरवाही बरतने से व्यक्ति की मौत के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने शिकायत मिलने के बाद जांच कमेटी गठित की है. दरअसल पिछले महीने दांत के उपचार के लिए एक व्यक्ति सिविल अस्पताल टौणी देवी में पहुंचा था. दांत उखाड़ने के बाद व्यक्ति का मर्ज कम होने के बजाय बढ़ता चला गया ,जिसके बाद उसे मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में इलाज के लिए लाया गया, लेकिन यहां पर भी हालात में सुधार नहीं हुआ. बाद में व्यक्ति को पंचकूला स्थित एक निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां पर इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.

मृतक के बेटे ने शिकायत सौंपी: अब इस मामले में टौणी देवी क्षेत्र के ऊहल गांव से संबंधित एक बुजुर्ग के परिजनों ने सिविल अस्पताल टौणी देवी में दांत की बीमारी के उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए शिकायत जिला स्वास्थ्य विभाग को सौंपी है. सीएमओ हमीरपुर डॉक्टर आरके अग्निहोत्री ने स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स की टीम गठित कर जांच बैठा दी है. जिस बुजुर्ग व्यक्ति सुरेश कुमार की मौत हुई उसके बेटे ने यह शिकायत हमीरपुर स्वास्थ्य विभाग को सौंपी है.

गलत दांत निकाला गया: जानकारी के मुताबिक शिकायतकर्ता मृतक व्यक्ति के बेटे पंकज कुमार ने शिकायत में कहा है कि गलत दांत उखाड़ने की वजह से उनके पिता की बीमारी लगातार बढ़ती गई. जिस कारण उन्हें पंचकूला के एक अस्पताल में ले जाना पड़ा था. उन्होंने कहा कि बीते सोमवार शाम को पंचकूला के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई. उनके बेटे पंकज का कहना है कि बीते महीने 15 दिसंबर 2022 को हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में दांत दर्द को चेक करवाने गए थे. वहां डॉक्टरों ने एक्स-रे आदि चेकअप करके दवाइयां खाने की सलाह दी थी.

दांत का दर्द कम नहीं हुआ: डॉक्टर ने मरीज सुरेश कुमार को नजदीकी हॉस्पिटल में इस दांत को किसी डेंटिस्ट से निकलवा लेने की सलाह दी. टौणी देवी अस्पताल नजदीक होने के कारण पीड़ित सुरेश कुमार 19 दिसंबर को वहां पहुंचे और दांत को चेक करवाया इसके 2 दिन बाद 21 दिसंबर को दांत उखाड़ दिया. पंकज कुमार का कहना है कि दांत निकलवाने के बाद उसके पिता बाद में घर वापस आ गए. उनका दांत का दर्द कम नहीं हुआ ,बल्कि और ज्यादा बढ़ा तो फिर 28 दिसंबर को हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में पहुंच कर दिखाया.

जांच रिपोर्ट के बाद होगी कार्रवाई: जहां इंफेक्शन ज्यादा बढ़ने की बात कही गई. मरीज सुरेश कुमार का मर्ज जब अधिक बढ़ गया तो परिजन उन्हें पंचकूला के एक निजी अस्पताल ले गए जहां उपचार के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया. मृतक की उम्र 57 साल थी. मुख्य चिकित्सा अधिकारी हमीरपुर डॉक्टर आरके अग्निहोत्री का कहना है कि मामले में शिकायत मिलने के बाद जांच कमेटी गठित की गई है. मामले में कमेटी की रिपोर्ट मिलने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी और उच्च अधिकारियों को इस बारे में अवगत कराया जाएगा.

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