Vaishali News: बिहार के वैशाली जिले में एक दिल दहलाने वाली वारदात सामने आई है। सोनपुर इलाके में एक नवविवाहिता की बेरहमी से हत्या कर दी गई। हत्यारों ने महिला का शव रात के अंधेरे में उसके मायके के दरवाजे पर फेंक दिया। पुलिस की जांच में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। शव को ठिकाने लगाने के लिए जिस स्कॉर्पियो गाड़ी का इस्तेमाल हुआ, वह किसी आम आदमी की नहीं, बल्कि एक दारोगा की है। इस खुलासे के बाद से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
दारोगा की गाड़ी से जुड़ा हत्या का तार
जांच में पता चला है कि इस्तेमाल की गई स्कॉर्पियो मुजफ्फरपुर में तैनात दारोगा संतोष कुमार रजक की है। संतोष रजक फिलहाल पानापुर करियात थाने में पदस्थापित हैं। हत्या में पुलिस वाले की गाड़ी का इस्तेमाल होने से कई गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि एक अपराधी के पास दारोगा की गाड़ी कैसे पहुंची। यह मामला अब सिस्टम के लिए भी शर्मिंदगी का विषय बन गया है।
आरोपी से पुरानी पहचान की बात स्वीकारी
मामला बढ़ने पर दारोगा संतोष रजक ने अपनी सफाई पेश की है। उन्होंने बताया कि आरोपी सत्येंद्र से उनकी पुरानी जान-पहचान है। दारोगा के मुताबिक, जब वे लालगंज के पास करताह थाने में तैनात थे, तब सत्येंद्र अक्सर वहां आता-जाता था। इसी दौरान दोनों में दोस्ती हो गई। आरोपी पहले भी कई बार उनकी गाड़ी मांगकर ले जा चुका था। हालांकि, दारोगा ने दावा किया है कि घटना वाले दिन गाड़ी कैसे ले जाई गई, इसकी उन्हें कोई जानकारी नहीं थी।
CCTV फुटेज देखकर दहल गया परिवार
यह पूरी खौफनाक घटना घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि रात के सन्नाटे में एक स्कॉर्पियो आती है। गाड़ी से कुछ लोग उतरते हैं और शव को घर के दरवाजे पर फेंककर फरार हो जाते हैं। शुक्रवार की सुबह जब परिवार वालों ने घर के बाहर अपनी बेटी का शव देखा तो कोहराम मच गया। मृतक सरिता की शादी कुछ महीने पहले ही हुई थी।
पुलिस की रडार पर दारोगा की भूमिका
सोनपुर पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश कर रही है। पुलिस दारोगा के बयानों की भी बारीकी से जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि क्या वाकई दारोगा को इस साजिश की जानकारी नहीं थी। पुलिस के लिए यह मामला अब साख का सवाल बन गया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उस पर सख्त कार्रवाई होगी।
