New Delhi News: पैन कार्ड (PAN Card) आज के समय में सबसे जरूरी वित्तीय दस्तावेज है। इसका इस्तेमाल अक्सर इनकम टैक्स रिटर्न भरने, बैंक खाता खोलने या प्रॉपर्टी खरीदने में किया जाता है। लेकिन बहुत कम लोगों को पता है कि पैन कार्ड आपकी आर्थिक मुसीबत में भी काम आ सकता है। आप अपने पैन कार्ड की मदद से लाखों रुपये का लोन ले सकते हैं। बैंक और वित्तीय संस्थान पैन कार्ड के आधार पर 50 हजार से लेकर 5 लाख रुपये तक का पर्सनल लोन देते हैं। सबसे खास बात यह है कि यह लोन प्रक्रिया बहुत तेज होती है और पैसा सीधे खाते में आता है।
24 घंटे में मिल जाता है पैसा
पैन कार्ड पर मिलने वाला लोन एक तरह का पर्सनल लोन ही होता है। इसमें आपको कोई चीज गिरवी रखने की जरूरत नहीं होती है। अगर आपके दस्तावेज सही हैं, तो लोन की राशि 24 घंटे के भीतर आपके बैंक अकाउंट में क्रेडिट हो जाती है। इस लोन पर ब्याज दर भी सामान्य पर्सनल लोन के आसपास ही रहती है। आमतौर पर बैंक 11 से 12 फीसदी का ब्याज लेते हैं। हालांकि, सिबिल स्कोर के आधार पर यह ब्याज दर 14 फीसदी तक भी जा सकती है।
लोन के लिए ये शर्तें पूरी करना जरूरी
पैन कार्ड पर लोन लेने के लिए आपको कुछ पात्रता मानदंडों को पूरा करना होगा।
- आवेदक का पैन कार्ड और आधार कार्ड आपस में लिंक होना चाहिए।
- लोन लेने वाले की उम्र 21 से 57 साल के बीच होनी चाहिए।
- व्यक्ति की इन-हैंड सैलरी कम से कम 25,000 रुपये होनी चाहिए।
- क्रेडिट या सिबिल (CIBIL) स्कोर 650 या उससे अधिक होना चाहिए।
- आपके पास एक एक्टिव बैंक अकाउंट होना अनिवार्य है।
आवेदन करने का आसान तरीका
लोन के लिए अप्लाई करने की प्रक्रिया अब पूरी तरह ऑनलाइन हो गई है।
- सबसे पहले उन बैंकों या NBFC की वेबसाइट पर जाएं जो पैन कार्ड पर इंस्टेंट लोन देते हैं।
- विभिन्न बैंकों की ब्याज दरों की तुलना करें और सबसे अच्छा ऑफर चुनें।
- बैंक की वेबसाइट पर ‘इंस्टेंट लोन’ सेक्शन में जाकर रजिस्ट्रेशन करें।
- अपने क्रेडेंशियल्स से लॉग इन करें और लोन के लिए फॉर्म भरें।
- मांगे गए सभी जरूरी दस्तावेज अपलोड करें।
- वेरिफिकेशन पूरा होने के बाद लोन की रकम आपके खाते में भेज दी जाएगी।
इन दस्तावेजों की पड़ेगी जरूरत
लोन अप्रूवल के लिए डॉक्यूमेंट्स का सही होना बहुत जरूरी है। पैन कार्ड के जरिए बैंक आपका क्रेडिट स्कोर और पुराने लोन की हिस्ट्री चेक करते हैं। आधार कार्ड आपकी पहचान और पते का प्रमाण होता है। इसके अलावा, वेरिफिकेशन के लिए वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस या बिजली-पानी का बिल मांगा जा सकता है। आपकी आय साबित करने के लिए बैंक पिछले 3 महीने का बैंक स्टेटमेंट भी मांगते हैं।
किस्त भरने में न करें देरी
लोन मिलने के बाद री-पेमेंट की प्रक्रिया सामान्य लोन जैसी ही होती है। आपको हर महीने तय तारीख पर ईएमआई (EMI) भरनी होती है। सुविधा के लिए आप अपने खाते से ऑटो-डेबिट का विकल्प चुन सकते हैं। अगर आप समय पर किस्त नहीं भरते हैं, तो बैंक पेनल्टी लगा सकता है। इससे आपका क्रेडिट स्कोर भी खराब हो सकता है, इसलिए ईएमआई समय पर चुकाएं।
