World News: मध्य पूर्व में जारी संघर्ष आज एक भयानक नए चरम पर पहुंच गया। शारजाह के तट के पास ईरान के एक ड्रोन हमले के बाद अमेरिका के स्वामित्व वाले एक तेल टैंकर में भीषण आग लग गई। प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो आसमान में काले धुएं के विशाल गुबार उठते देखे गए। होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने के बाद यह अमेरिकी हितों से जुड़े समुद्री क्षेत्र पर सबसे सीधा हमला है।
खामेनेई की चेतावनी के बाद हमला
यह हमलाईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई की खौफनाक चेतावनी के बाद हुआ है। उन्होंने कसम खाई थी कि ईरान के सैन्य ठिकानों पर हालिया हमलों के जवाब में वह इस क्षेत्र में मौजूद पश्चिमी देशों की संपत्तियों को “राख के ढेर” में बदल देंगे। इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि अमेरिकी सेना ने ईरान के खार्ग द्वीप पर हमला कर वहां मौजूद सैन्य ठिकानों को तबाह कर दिया है।
तेल की कीमत 150 डॉलर के पार
इस हमलेके बाद वैश्विक ऊर्जा बाजार में भारी उथल-पुथल मच गई है। तेल की कीमतें 150 डॉलर प्रति बैरल की ओर तेजी से बढ़ने लगीं। फारस की खाड़ी के लिए समुद्री बीमा लगभग खत्म हो गया है। शारजाह के पास हुआ यह हमला इस बात का संकेत है कि छाया युद्ध अब मुख्य वाणिज्यिक समुद्री मार्गों तक फैल गया है और होर्मुज के मुख्य जलडरूमध्य से बाहर के इलाके भी युद्ध क्षेत्र में तब्दील हो गए हैं।
खार्ग द्वीप पर हमले के बाद ईरान की धमकी
ईरानीसशस्त्र बलों ने पहले ही चेतावनी दी थी कि ईरान के तेल और ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर किसी भी हमले का जवाब इस क्षेत्र में अमेरिका के साथ सहयोग करने वाली तेल कंपनियों के ऊर्जा इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला करके दिया जाएगा। बता दें कि खार्ग द्वीप ईरानी तट से कुछ दूरी पर स्थित पांच मील लंबा द्वीप है, जहां से देश का लगभग 90 प्रतिशत कच्चा तेल निर्यात किया जाता है। आपातकालीन दल आग बुझाने और टैंकर पर मौजूद कर्मचारियों को बचाने में जुटे हैं।


